जागरण संवाददाता, पानीपत : सेवा कर्तव्य की पहचान है, सेवा सम्मान की मोहताज नहीं होती है। ये सम्मान प्रेरणा व प्रोत्साहन के लिए होते हैं। सेवा करने वालों का सम्मान दूसरों को प्रेरणा देता है। बरसत रोड हर्ष गार्डन में बुधवार को आयोजित कोरोना योद्धाओं (जनप्रतिनिधि, अधिकारी, समाजसेवी संस्थाएं) के सम्मान समारोह में यह बात स्वामी ज्ञानानंद ने कही।

उन्होंने कहा कि देश में कोरोना मरीजों की संख्या व मृत्यु दर बहुत कम है। लोगों की एकजुटता व सेवा भाव का ही परिणाम है। अभी हमें कोरोना से लड़ने के लिए जागरुकता और स्वच्छता को अपना कर अपने व दूसरों को सुरक्षित करना है। उन्होंने कोरोना के खिलाफ जंग में किसी न किसी रूप में अपनी आहुति डालने वालों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि मनोबल ऊंचा करके कोरोना को हराना है। योद्धाओं को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया। समिति के प्रधान सुरेश अरोड़ा ने सभी कोरोना योद्धाओं का आभार व्यक्त किया। मंच संचालन वेद पाराशर ने किया।

इस अवसर पर समिति के उप-प्रधान चंद्रशेखर शर्मा, सुनील ग्रोवर, प्रीतम गुर्जर, निखिल सिगला, पंकज वर्मा, अवनीश ठाकुर व डिपी गुलियानी मौजूद थे।

Posted By: Jagran

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