पानीपत में नालियों में जमी गाद से लोग परेशान, सड़कों पर आने लगा गंदा पानी; नगर निगम ने शुरू किया सफाई अभियान
पानीपत के वार्ड-3 में देवी मंदिर से बरसत रोड तक खस्ताहाल सड़क और खुले नालों की समस्या को देखते हुए ...और पढ़ें
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नगर निगम की अधिकारी बैठक करते हुए (जागरण फोटो)
HighLights
वार्ड-3 में खस्ताहाल सड़क और खुले नालों की समस्या
नगर निगम ने सफाई और निर्माण कार्य शुरू किए
खुले नालों के सर्वे और स्थायी समाधान के निर्देश
जागरण संवाददाता, पानीपत। नगर निगम के वार्ड नंबर-3 में देवी मंदिर से बरसत रोड तक खस्ताहाल सड़क और खुले नालों की समस्या लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है।
सड़क की बदहाल स्थिति के साथ नालों में जमा गाद और खुले नालों के कारण लोगों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। लोगों की समस्या को देखते हुए नगर निगम की ओर से अब क्षेत्र में सफाई और निर्माण कार्य शुरू करा दिए गए हैं।
निगम की ओर से नालों की सफाई के दौरान निकलने वाली गाद को मौके पर ही सड़क किनारे जमा करने के बजाय ट्रालियों में भरकर बाहर डंपिंग पाइंट पर पहुंचाया जा रहा है। इससे सड़क और आसपास के क्षेत्र में गाद के ढेर जमा होने की समस्या से भी राहत मिलने की उम्मीद है। निगम अधिकारियों के अनुसार सफाई के साथ-साथ संबंधित स्थानों पर आवश्यक निर्माण कार्य भी कराए जा रहे हैं।
काम की गति बढ़ाने के लिए मंगलवार को नगर निगम कमिश्नर डा. पंकज राव ने अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने एक्सईएन रूपेश, एक्सईएन सुमित नांदल समेत अन्य अधिकारियों से वार्ड-3 में चल रहे कार्यों की जानकारी ली और सभी कार्यों को तेज गति से पूरा कराने के निर्देश दिए। कमिश्नर ने कहा कि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए सफाई, नाला सुधार और सड़क से संबंधित कार्यों में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए।
23 अगस्त को कमिश्नर और मेयर ने किया था दौरा
वार्ड-3 की समस्या को लेकर 23 अगस्त को नगर निगम कमिश्नर डा. पंकज राव और मेयर कोमल सैनी ने क्षेत्र का दौरा किया था। इस दौरान अधिकारियों को मौके की स्थिति देखने और लोगों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बाद निगम ने सफाई और निर्माण कार्य शुरू कराए हैं।
खुले नालों का होगा सर्वे
खुले नालों की समस्या को गंभीरता से लेते हुए निगम ने शहर के सभी खुले नालों का सर्वे कराने का निर्णय लिया है। इसके लिए उपायुक्त अरुण भार्गव और कार्यकारी अभियंता नवीन की संयुक्त कमेटी बनाई गई है।
कमेटी निरीक्षण कर खुले नालों को चिह्नित करेगी। चिह्नित स्थानों पर स्थायी स्लैब लगने तक पट्टियां, लोहे की चादर या अन्य उपयुक्त अस्थायी सामग्री से नालों को ढकने की व्यवस्था की जाएगी। निगम आयुक्त ने स्थायी स्लैब लगाने और नालों को कवर कराने के लिए टेंडर प्रक्रिया भी जल्द शुरू करने के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों को सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए लगातार निगरानी करने को कहा गया है।
