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हरियाणा: रेलवे कर्मचारियों की शह पर बोहली स्टेशन से चुराया गया तेल, RPF की गिरफ्त में स्टेशन मास्टर सहित 9 आरोपी

Published: Sat, 05 Sep 2026 12:03 PM (IST)

पानीपत के बोहली रेलवे स्टेशन से नेफ्था तेल चोरी मामले में रेलवे कर्मचारियों की मुख्य भूमिका सामने आई है।

पानीपत रेलवे स्टेशन (फाइल फोटो)

पानीपत रेलवे स्टेशन (फाइल फोटो)

HighLights

  1. रेलवे कर्मचारियों ने नेफ्था तेल चोरी में मुख्य भूमिका निभाई।

  2. आरपीएफ ने स्टेशन अधीक्षक सहित 9 आरोपियों को पकड़ा।

  3. मुख्य आरोपी मनोज जैन को मिली अग्रिम जमानत।

जागरण संवाददाता, पानीपत। रिफाइनरी के पास बोहली रेलवे स्टेशन से नेफ्था तेल चोरी कराने में रेलवे कर्मचारियों ने मुख्य भूमिका निभाई। स्टेशन अधीक्षक, स्टेशन मास्टर और पाइंट्समैन समेत छह रेलवे कर्मचारी इसमें शामिल थे। आरोप है कि इन कर्मचारियों ने जिले के तीन लोगों के साथ मिलकर तेल चोरी की पूरी साजिश रची थी।

इसमें सभी कर्मचारियों का अलग-अलग काम और हिस्सा तय था। आरपीएफ अब तक नौ आरोपितों को गिरफ्तार कर चुकी है। वहीं मुख्य आरोपित मनोज जैन पहले ही कोर्ट से अग्रिम जमानत ले चुका है।

25 अगस्त को किया गया गिरफ्तार

आरपीएफ ने बताया कि 18 अगस्त को बोहली स्टेशन के पास नेफ्था तेल चोरी किया गया था। जांच के दौरान 25 अगस्त को स्टेशन अधीक्षक गोविंद नारायण मीणा, विनीत कुमार और चंदन को गिरफ्तार किया गया। तीनों से पूछताछ शुरू हुई तो तेल चोरी की साजिश से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आई।

पूछताछ में रेलवे कर्मचारियों और बाहर के लोगों के बीच मिलीभगत भी रही है। जांच के दौरान आरपीएफ ने तेल चोरी में इस्तेमाल किया गया ट्रक, दो मोटरसाइकिल, पाइप और अन्य उपकरण भी बरामद किए हैं।

आरपीएफ आरोपितों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी की साजिश कैसे तैयार की गई और इसमें किसकी क्या भूमिका थी। आरपीएफ थाना प्रभारी दिनेश मीणा ने बताया कि नौ लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

मुख्य आरोपित ले आया अग्रिम जमानत

तेल चोरी की साजिश में शामिल मुख्य आरोपित मनोज जैन को कार्रवाई की भनक लगने से पहले ही कोर्ट से अग्रिम जमानत ले आया। आरपीएफ ने उसकी तलाश में कई शहरों में दबिश दी थी, लेकिन गिरफ्तारी नहीं हो सकी।

रिमांड के दौरान स्टेशन अधीक्षक ने एक होटल में मनोज जैन के साथ मिलकर योजना बनाई थी। 15 दिन तक मनोज जैन ने स्टेशन अधीक्षक गोविंद मीणा को कमरा दिलाकर उसमें रोजाना मिलकर योजना बनाते थे।