जागरण न्यूज नेटवर्क, पानीपत : पारदर्शिता लाने के लिए सरकार हर विभाग को ऑनलाइन कर रही है। लेकिन इस सिस्टम से भी लोगों को जेब कट रही है और इसका उन्हें पता भी नहीं चलता। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के पोर्टल पर भी कुछ ऐसा ही चल रहा है। जानकारी के अनुसार पोर्टल स्वत: ही प्लॉट की किस्त का पैसा अलॉटी के एन्हांसमेंट में मर्ज कर रहा है। बड़ी दिक्कत यह भी है कि यह किस्त मर्ज होने से अलॉटी को एन्हांसमेंट की सरकार द्वारा मिलने वाली 40 प्रतिशत छूट भी नहीं मिल रही है।

ऐसे पता चली खामी

एन्हांसमेंट जमा कराने के लिए एचएसवीपी के पोर्टल से ऑनलाइन चालान कटता है। जब अलॉटी चालान जनरेट करने के लिए लॉग इन करता है, उसे तब पता चलता है कि भरी गई किस्त या जो किस्त उन्होंने एडवांस में भर रखी है, वह एन्हांसमेंट में मर्ज हो चुकी है। करनाल में डेढ़ हजार से ज्यादा लोगों के साथ ऐसा होने का अनुमान है। एचएसवीपी के अकाउंटेंट देसराज के अनुसार अब तक 1087 प्लॉटधारक एचएसवीपी कार्यालय से एन्हांसमेंट का चालान ठीक करवा चुके हैं।

नई लिस्ट के सेक्टर-32 के प्लॉटधारकों का पैसा हुआ मर्ज

प्लॉट की किस्त का पैसा एन्हांसमेंट में मर्ज होने के केस करनाल के सेक्टर-32 के प्लॉटधारकों के आए हैं। यहां के प्लॉट सन 2009 से 2012 के बीच बिके थे। काफी लोगों की प्लॉटों की किस्तें चल रही हैं। कुछ ने एडवांस में प्लॉट की किस्त भरी हुई है। वहीं 18 मई को विभाग ने इस सेक्टर के 1983 प्लॉटधारकों की नई एन्हांसमेंट लिस्ट जारी की थी। इन प्लॉटों पर 946.18 रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर से एन्हांसमेंट है।

चालान ठीक नहीं कराया तो 40 प्रतिशत छूट के लाभ से रहेंगे वंचित

सेक्टर-32 के नई लिस्ट के प्लॉटों पर 946.18 रुपये प्रति वर्ग मीटर के हिसाब से एन्हांसमेंट आई है। इन्हें 40 प्रतिशत छूट पर उन्हें 567.70 रुपये के हिसाब से भुगतान करना है, जबकि आटोमैटिक पेमेंट मर्ज होने से इनकी पूरी राशि जमा हो रही है। अब ऐसे में यदि अलॉटी इसे ठीक नहीं करवाते तो वे 40 प्रतिशत छूट के लाभ से वंचित रह जाएंगे।

कुछ प्लॉटधारकों को दिक्कत

पोर्टल की खामी के कारण कुछ प्लॉटधारकों के किस्त का पैसा एन्हांसमेंट में मर्ज हुआ है। ऐसा उन्हीं प्लॉटधारकों के साथ हुआ है, जिन्होंने एडवांस में प्लॉट की किस्त भरी हुई थी। पैसा मर्ज होने के कारण इन प्लॉटधारकों को 40 प्रतिशत छूट का लाभ भी नहीं मिल पा रहा था। मुख्यालय से इस बारे में बात करने के बाद यहां के अकाउंटेंट को इस खामी को ठीक करने की पावर दी गई है। काफी प्लॉटधारक चालान जनरेट करवाकर खामी ठीक करवा चुके हैं। जिस प्लॉटधारक को ऐसी गड़बड़ लगती है। वह आकर ठीक करवा सकता है।

-डॉ. अनुपमा, संपदा अधिकारी एचएसवीपी करनाल।

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