जागरण संवाददाता, पानीपत : राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आइटीआइ) पानीपत में कौशल वृद्धि केंद्र के बाद अब कैंटीन शुरू की है। इंडियन ऑयल की पानीपत रिफाइनरी ने सीएसआर के तहत 45 लाख रुपये में कैंटीन तैयार कराई है।

सोमवार को कैंटीन की सौगात विद्यार्थियों को भेंट की गई। मुख्यातिथि डीसी सुमेधा कटारिया और विशिष्ठ अतिथि रिफाइनरी के कार्यकारी निदेशक संजय भटनागर व जीएम एसके त्रिपाठी रहे। अध्यक्षता प्राचार्य डॉ. कृष्ण कुमार ने की। डीसी ने कहा कि तकनीकी शिक्षा में आज के समय की जरूरत है। युवा आइटीआइ की पढ़ाई कर कम समय में अच्छी नौकरी पा सकते हैं। प्राचार्य डॉ. कृष्ण कुमार ने बताया कि आइटीआइ में 24 व्यावसायिक प्रशिक्षण दिए जा रहे हैं। 56 यूनिटों में 1100 से अधिक छात्र कौशल प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। रोजगार मेले में नौकरी प्राप्त कर रहे हैं।

ईडी संजय भटनागर ने कहा कि रिफाइनरी को डाउन स्ट्रीम एक्सिलेंस अवॉर्ड से केंद्र सरकार ने सम्मानित किया है। यहां टू-जी और थ्री जी एथेनॉल प्लांट भी लगाया जा रहा है। इससे पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। लोगों की ईंधन की मांग को भी पूरा किया जा सकेगा। हरियाली की दिशा में काम करते हुए 60 हजार से अधिक पौधे लगवाएं हैं। ये रहे मौजूद

इस अवसर पर डीजीएम आरएस डोगरा, चीफ मेंटेनेंस नवीन कुमार, सीनियर मैनेजर राकेश, सिविल इंजीनियर सुभम सिघल, आइटीआइ के अनुदेशक रमेश वर्मा, महेंद्र कुमार, रंजना शर्मा, संजय भारद्वाज, बलराज सिंह, नरेंद्र कुमार और सतबीर राठी मौजूद रहे।

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