जागरण संवाददाता, करनाल। पुलिस विभाग में देर रात को उस समय हड़कंप मच गया जब डिटेक्टिव स्टाफ की कस्टडी में एक युवक की संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई। उस पर चोरी व पुलिस कस्टडी से भागने के आरोप थे। मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा।

बताया जा रहा है कि इंद्री क्षेत्र के रहने वाले मिंटू को डिटेक्टिव स्टाफ इंचार्ज हरजिंद्र सिंह की अध्यक्षता में एक टीम द्वारा शनिवार को गिरफ़्तार किया गया था। लेकिन कुछ घंटे बाद ही उसकी अचानक तबीयत बिगड़ी और पुलिस टीम उसे देर रात आनन-फानन में सिविल अस्पताल लेकर पहुंची, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। आरोप है कि चोरी व अन्य वारदातों में शामिल रहे मिंटू को करीब 20 दिन पहले पुलिस ने काबू किया था, लेकिन वह पुलिस कस्टडी से फरार हो गया था। इसके बाद डिटेक्टिव स्टाफ टीम उसकी तलाश कर रही थी। गुप्त सूचना के आधार पर शनिवार शाम को उसे गिरफ्तार किया गया था।

कस्टडी में आराेपित युवक की मौत के बाद पुलिस में रात भर हड़कंप मचा रहा

करनाल पुलिस अधीक्षक गंगा राम पूनिया छुट्टी पर होने के चलते पानीपत एसपी शशांक कुमार सावन रात करीब एक बजे डिटेक्टिव स्टाफ कार्यालय पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली। वहीं डीएसपी जगदीप दून भी रात भर इस मामले की जांच में जुटे रहे। रात को ही जिला न्यायाधीश को इस घटना से अवगत कराया तो वहीं एक पत्र भी लिखा गया। रात को ही मृतक के स्वजनों को सूचित कर दिया गया।

आज होगा शव का पोस्टमार्टम : डीएसपी

मृतक मिंटू का शव देर रात को ही कल्पना चावला राजकीय अस्पताल के मोर्चरी हाउस में रखवा दिया गया था, जिसका आज पोस्टमार्टम कराया जाएगा। डीएसपी जगदीप दून का कहना है कि जिला न्यायाधीश को इस मामले से अवगत करवा दिया गया है तो वहीं जांच भी शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक तौर पर मिंटू की मौत हार्ट अटैक से मानी जा रही है। पुलिस ने जैसे ही उसे गिरफ्तार किया था, तो उसके सीने में दर्द हुआ। पुलिस  ईलाज के लिए अस्पताल भी ले गई, लेकिन वहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।

Edited By: Naveen Dalal