कुरुक्षेत्र, जागरण संवाददाता। कोरोना से तनावग्रस्त पूरी दुनिया में गीता वाणी नई ऊर्जा भरेगी। मार्गशीर्ष की शुक्ल पक्ष की एकादशी प्रतिपदा को विश्व भर में गीता वाणी की गूंज सुनाई देगी। अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के समापन अवसर 14 दिसंबर को वैश्विक गीता पाठ का आयोजन दोपहर 12 बजे होगा। इस वैश्विक गीता पाठ में देश ही नहीं विदेशी सरजमीं पर भी गीता के श्लोक गुंजायमान होंगे।

कोरोना काल बीतने के बाद भगवान श्रीकृष्ण के मुखारविंद से हजारों वर्ष पूर्व कुरुक्षेत्र ज्योतिसर की पावन धरा से दिया गया विश्व कल्याण का संदेश अब अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के जरिए जन-जन तक पहुंचेंगा। गीता वाणी को आमजन तक पहुंचाने में स्कूली बच्चों का भी अहम योगदान रहेगा। धर्मनगरी कुरुक्षेत्र में वैश्विक गीता पाठ का मुख्य कार्यक्रम होगा और हर जिले से आनलाइन के जरिए स्कूली विद्यार्थी जुड़ेंगे। इसके साथ ही विदेशों में भी 14 दिसंबर को वैश्विक गीता की गूंज सुनाई देगी। गीता पाठ में प्रमुख रूप से आस्ट्रेलिया, मारीशस, कनाडा व यूके सहित कई अन्य देशों के नागरिक जुड़ेंगे। वैश्विक गीता पाठ में 55 हजार स्कूली विद्यार्थी 18 श्लोकों का उच्चारण करेंगे। प्रदेश के हर जिले से 50 स्कूल हिस्सा लेंगे। गीता पाठ के साथ स्कूली स्तर पर निबंध लेखन, गीता श्लोकोच्चारण, भाषण, संवाद व पेंटिंग प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया जाएगा।

उपायुक्त मुकुल कुमार ने कहा कि गत वर्षों में यह आयोजन कुरुक्षेत्र में सामूहिक पाठ के साथ-साथ विश्व भर में वैश्विक गीता पाठ का आयोजन होता रहा है और इस कार्यक्रम में विश्व भर में अनूठे रिकार्ड भी स्थापित किए है। इस वर्ष भी कोविड-19 के बावजूद आनलाइन प्रणाली से 55 हजार विद्यार्थियों का वैश्विक गीता पाठ अनूठा रिकार्ड बनाएगा। कार्यक्रम में 55 हजार स्कूली विद्यार्थी यह पाठ अपने-अपने घरों या विद्यालयों से आनलाइन किया जाना है, जिसकी प्रस्तावित रूपरेखा के अनुसार 21 जिलों में यह कार्यक्रम कराया जाएगा। कुरुक्षेत्र में ब्रह्मरोवर पुरुषोतमपुरा बाग में वैश्विक गीता पाठ के लिए सभी विद्यार्थी एकत्रित होंगे।

Edited By: Anurag Shukla