जींद, जागरण संवाददाता। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का गलत तरीके से लाभ लेने वालों को कृषि विभाग ने नोटिस भेजे हुए हैं। 2200 से ज्यादा अपात्र लोगों से किसान सम्मान निधि की राशि की करोड़ों रुपये की रिकवरी की जानी है। लेकिन नोटिस के बावजूद राशि वापस जमा कराने में रुचि नहीं ले रहे हैं। अभी तक केवल 205 लोगों ने ही 18 लाख रुपये की राशि वापस जमा कराई है। जो अपात्र लोग नोटिस के बावजूद राशि नहीं लौटा रहे, उनके खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।

गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने साल 2018 में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना शुरू की थी। इसमें किसानों के बैंक खातों में साल में तीन किस्तों में कुल छह हजार रुपये की राशि डाली जाती है। इस योजना का लाभ कौन ले सकता है, इसके लिए मानदंड निर्धारित किए गए हैं। लेकिन इसके बावजूद काफी लोग जो योजना के पात्र नहीं थे, उन्हाेंने भी गलत तरीके से लाभ उठाया। जिनसे ये राशि रिकवर की जाएगी।

कर्मचारी और टैक्स भरने वालों ने उठाया लाभ

जांच में जींद जिले में 2200 से ज्यादा ऐसे लोग पाए गए, जो टैक्स भरते हैं, सरकारी नौकरी में हैं या रिटायर हो चुके हैं। घर नोटिस भेजने के बाद कुछ लोगों ने राशि वापस लौटाते हुए हवाला दिया कि उन्हें योजना के बारे में सही से जानकारी नहीं थी। इस कारण उन्होंने गलती से आवेदन कर दिया। बाकी अपात्र लोगों से भी कृषि विभाग ने जल्द राशि वापस लौटाने के लिए कहा है।

पति-पत्नी में से केवल एक को मिलेगा लाभ

इस योजना का लाभ पति-पत्नी में से एक ही उठा सकता है। लेकिन काफी परिवारों में पति-पत्नी दोनों इसका लाभ रहे हैं। अभी इनसे रिकवरी के लिए कोई कार्रवाई शुरू नहीं है। माना जा रहा है कि जल्द ही एेसे लोगों को भी रिकवरी के लिए नोटिस भेजे जा सकते हैं। जिला कृषि अधिकारी डा. सुरेंद्र मलिक ने कि जिन अपात्र लोगों को नोटिस भेजे हुए हैं, वे किसान सम्मान निधि की राशि जल्द लौटा दें। वहीं बाकी अपात्र लोग हैं, वे भी स्वेच्छा से अपना नाम योजना से वापस लें।

Edited By: Anurag Shukla