संवाद सूत्र, थर्मल : प्रशासन नैन गांव स्थित गो-अभयारण्य में व्यवस्था ठीक करने में जुटा है। बरसात से बनी दलदल को खत्म करने के लिए इंटरलॉकिग टाइलें लगनी थी। बुधवार को मजदूर नहीं पहुंचे। जेसीबी मशीन पूरे दिन खड़ी रही।

डीसी सुमेधा कटारिया ने बीते मंगलवार को गो-अभयारण्य का दौरा कर सुधार का भरोसा दिया था। बुधवार को मिट्टी उठाने के लिए डंपर नहीं पहुंचे। दलदल के कारण हरा चारा काटने के लिए स्थान नहीं है, सड़क किनारे मशीन लगाई गई हैं। गोदाम भी नहीं बन सका है। उधर 25 सदस्यीय कमेटी में आसपास के गांवों के लोगों को शामिल करने की मांग उठने लगी है। गो-अभयारण्य में होंगे ये कार्य :

रानी गोशाला में एक नया शेड बनेगा। पंचायती राज विभाग प्रस्ताव तैयार कर आइओसीएल को देगा। एक शेड की चौड़ाई बढे़गी। वन विभाग पानी की खोर, फर्श और पशुबाड़ा बनवाएगा। गेट के साथ ही एक पार्क का निर्माण होगा। गोवंश पहुंचना जारी

गांव नैन से 40, गांव भाउपुर से 32, गांव अलुपुर से 18 गोवंश सहित पानीपत से दस दिनों 77 गोवंश गो-अभयारण्य पहुंचाए गए हैं। नगर निगम की गाड़ी का फर्श टूटा हुआ है। अभी तक जितने गोवंश पहुंचाएं अधिकांश घायल हैं। गांव के सरपंच विक्रम सिंह ने बताया कि ट्राली और डंपर ग्राम पंचायत देगी।

Posted By: Jagran

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप