पानीपत/यमुनानगर, जेएनएन। शादी का झांसा देकर नाबालिग से दुष्कर्म और गर्भवती करने के दोषी को कठोर कारावास की सजा सुनाई गई। गांव बरालसी जिला मुजफ्फरनगर निवासी मनीष राणा को कोर्ट ने 10 साल कठोर कारावास और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने पर एक साल अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। यह फैसला अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायधीश डॉ. अब्दुल माजिद की कोर्ट ने सुनाया है। 

कोर्ट में करीब एक साल चली सुनवाई के दौरान 13 लोगों की गवाही हुई। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने उपरोक्त फैसला सुना दिया, जबकि एक आरोपित को बरी कर दिया है। उप जिला न्यायवादी संजीव कुमार के मुताबिक वारदात के समय आरोपित नाबालिग था। जब मामला जुवैनाइल जस्टिस बोर्ड के समक्ष पहुुंचा, तो अपराध की संगीनत को देखते हुए आरोपित को बालिग की तरह ट्रीट किया। इसके बाद पूरे मामले की सुनवाई जगाधरी की विभिन्न कोर्ट में हुई।  

नानी के पास रहती थी पीडि़ता
16 मार्च 2018 को छप्पर पुलिस ने थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एक गांव निवासी महिला की शिकायत पर मनीष राणा के खिलाफ केस दर्ज किया था। पुलिस को दी शिकायत में पीडि़ता की नानी ने बताया था कि बच्ची बचपन से ही उसके साथ रह रही है। 15 मार्च की शाम को जब उसे दोहती घर पर नहीं मिली, तो आसपास के क्षेत्र में उसकी तलाश शुरू कर दी। पड़ोसियों ने बताया कि उसकी दोहती बैग लेकर सड़क की ओर जा रही थी। उसने एक भट्ठे के पास से अपनी दोहती को पकड़ा।  

शादी का झांसा देकर किया गर्भवती  
पूछताछ के दौरान नाबालिग ने बताया कि करीब एक साल पहले मुस्तफाबाद स्थित हरमन चिकन सेंटर पर काम करने वाले मनीष राणा से उसकी दोस्ती हो गई। शादी का झांसा देकर मनीष ने उसके साथ कई बार गलत काम किया। वह गर्भवती हो गई। जब उसने मनीष से शादी की बात की, तो उसने शादी करने से साफ इन्कार कर दिया। इसलिए उसने घर से भागने का प्लान बनाया। 

अश्लील वीडियो भी बनाया
पीडि़ता के मुताबिक मनीष ने अपने मोबाइल में उसकी अश्लील विडियो भी बना ली। उसने उसे कई बार ब्लैकमेल भी किया। 

Posted By: Anurag Shukla