जींद, जेएनएन। एक दिन की राहत के बाद मंगलवार को फिर से कोरोना कहर बनकर बरपा। मंगलवार को कोरोना से रिटायर्ड एसपी जिले सिंह के बेटे गजेंद्र सिंह, जींद मंगलम लैब के रेडियाेलोजिस्ट डा. अनिल जैन और नरवाना पुलिस थाना में तैनात महिला कांस्टेबल प्रवीण समेत 16 लोगों की जिंदगी कोरोना ने लील ली। कोरोना लगातार अपना विकराल रूप धारण करता जा रहा है। वहीं दूसरी तरफ कोरोना के 357 नए केस मिले लेकिन राहत की बात यह रही कि 541 लोग कोरोना के खिलाफ जंग जीतते हुए स्वस्थ हुए।

मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग से मिली 1122 सैंपलों की जांच रिपोर्ट में 357 कोरोना पॉजिटिव पाए गए। सबसे ज्यादा 39 केस जिला कारागार में मिले। इससे पहले भी जिला कारागार में दो बार बड़ी संख्या में कोरोना संक्रमित मिल चुके हैं। दो दिन पहले हुई सैंपलिंग में 29, इससे पहले हुई सैंपलिंग में 74 कोरोना संक्रमित मरीज जेल में मिले थे। बराह कलां में भी कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा बढ़ रहा है। नागरिक अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक भी कोरोना संक्रमण की चपेट में आ गया है। कोरोना के खिलाफ फ्रंट पर रहकर जंग लड़ रहे स्वास्थ्य विभाग के कर्मी भी अब संक्रमित होने लगे हैं, इससे स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ रही हैं। नागरिक अस्पताल में इमरजेंसी से लेकर कोविड वार्ड तक सब फुल हो चुका है। मरीजों को इमरजेंसी के बाहर ही स्ट्रेचर पर लेटाकर इलाज दिया जा रहा है।

काेरोना के कारण मंगलवार को इनकी गई जान

-मंगलम लैब के रेडियोलॉजिस्ट डा. अनिल जैन की मौत

-रिटायर्ड आईपीएस जिले सिंह के बेटे डिफेंस कॉलोनी निवासी गजेंद्र सिंह की मौत

-जींद के सेक्टर 9 निवासी 80 वर्षीय निर्मला की मौत

-जींद के रामराय गेट निवासी 63 वर्षीय सुभाष की मौत

-अर्बन एस्टेट कालोनी की 60 वर्षीय सरोज की मौत

-जींद के पटेल नगर निवासी 73 वर्षीय मनोहरलाल की मौत

-जींद के 62 वर्षीय सुलतान सिंह की मौत

-बोहतवाला गांव के 38 वर्षीय मनोज की मौत

-भैराखेड़ा गांव के 66 साल के ओमप्रकाश की मौत

-शादीपुर गांव की 68 वर्षीय सावित्री की मौत

-हिसार के चनोट गांव के 56 वर्षीय रामप्रकाश की मौत।

-नरवाना पुलिस की महिला हेड कांस्टेबल प्रवीण की मौत

-बेलरखां गांव की 70 वर्षीय प्रसन्नी देवी की मौत

-दनौदा खुर्द गांव के एक 90 वर्षीय व्यक्ति की मौत

-नरवाना की 30 वर्षीय रीना की मौत

तीन दिन पहले हुई थी रिटायर्ड एसपी की मौत, मंगलवार को बेटे की भी गई जान

रिटायर्ड एसपी जिले सिंह की तीन दिन पहले ही कोरोना संक्रमण के कारण मौत हो गई थी। पिता के बाद मंगलवार को बेटे गजेंद्र सिंह की जिंदगी भी कोरोना ने लील ली। जिले सिंह मूल रूप से गांव ईगराह के थे और पिछले कई सालों से डिफेंस कॉलोनी में रह रहे थे। गजेंद्र सिंह की उम्र 45 साल थी।

महिला हेल्प डेस्क पर तैनात कांस्टेबल की मौत

नरवाना लघु सचिवालय स्थित महिला हेल्प डेस्क में कार्यरत हिसार के गांव खेदड़ वासी 27 वर्षीय कांस्टेबल प्रवीण कुमारी की बीमारी के चलते मौत हो गई। स्वजनों ने उसकी मौत होने पर मायके में ही अंतिम संस्कार कर दिया और पुलिस अधीक्षक, जींद वसीम अकरम ने उसकी मौत पर संवेदना प्रकट की है। प्रवीण को कुछ दिन पहले बुखार आ गया था। इसके चलते उसकी तबीयत खराब थी। इसके बाद उसने नागरिक अस्पताल में 6 मई को वैक्सीन लगवा ली। वैक्सीन लगवाने के बाद बुखार तेज हो गया। तबीयत बिगड़ती देख स्वजन बरवाला के निजी अस्पताल में लेकर गए। यहां ऑक्सीजन लेवल कम हो गया। तबीयत में सुधार न होने पर स्वजन उसको हिसार ले जाने लगे, तो उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। मृतक कांस्टेबल प्रवीण कुमार अपने पीछे एक वर्षीय लड़का छोड़ गई, जो मंदबुद्धि है।

541 लोगों ने जीती कोरोना से जंग : डा. पालेराम

डिप्टी सिविल सर्जन डा. पालेराम कटारिया ने बताया कि मंगलवार को 357 कोरोना पॉजिटिव पाए गए और 541 लोग कोरोना को मात देकर स्वस्थ हो गए। जिले में रिकवरिंग रेट बढ़ रहा है। जितने संक्रमित मिल रहे हैं, उससे कहीं ज्यादा मरीज ठीक हो रहे हैं। डा. पालेराम ने कहा कि गांवों में बढ़ रहे कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए कोरोना सैंपलिंग के लिए टीमों का गठन किया जा रहा है।