जींद(नरवाना), संवाद सूत्र। जींद में खाद्य पदार्थों में मिलावट की सूचना मिलने पर मुख्यमंत्री उड़नदस्ता टीम ने इंस्पेक्टर वीरेंद्र सिंह व फूड सेफ्टी विभाग हिसार से डा. भंवर सिंह के नेतृत्व में नरवाना में दो जगह छापेमारी की। टीम ने मौके पर मौजूद कच्चा व तैयार माल के सैंपल लेकर उनको सील कर लैब में जांच के लिए भेज दिया है।

जहां लैब से रिपोर्ट आने के बाद आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। मुख्यमंत्री उड़नदस्ता टीम ने सबसे पहले विश्वकर्मा चौक पर बबली आइसक्रीम फैक्टरी में छापेमारी की, जहां टीम ने आइसक्रीम तैयार करने के लिए पदार्थों के आठ प्रकार के सैंपल लिए। वहीं पानी से तैयार 14 हजार व दूध से तैयार आठ हजार कुल्फी भी मौके पर बरामद हुई। डा. भंवर सिंह ने बताया कि आइसक्रीम फैक्टरी में बटर सटोटन आठ किलो ग्राम, मैंगो आइ फलेवर, स्क्रीन पाउडर 1.5 किलो ग्राम, लूज स्क्रीन पाउडर 1.5 किलो ग्राम, लूज मिलक पाउडर 2.5 किग्रा., लूज फूड कलर पाउडर 1.5 किग्रा., चाकलेट तरल पेस्ट 9 किग्रा., आइसक्रीम मिल्क 10 लीटर मिला है।

ज्यादा कैमिकल का इस्तेमाल करना हानिकारक

टीम ने सैंपल लेकर उनको सील कर दिया है। उन्होंने बताया कि कैमिकल्स का ज्यादा मात्रा में प्रयोग करने पर बच्चों की सेहत पर असर पड़ता है और बीमारियां फैलने का खतरा बना रहता है। अगर सैंपल फेल हो जाते हैं तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं सीएम फ्लाइंग ने हिसार रोड पर एक घर में बनाए जा रहे पनीर को लेकर छापेमारी की। टीम ने पाया कि गांव सिंघवाल के प्रवीण व सोनू द्वारा काफी मात्रा में पनीर तैयार किया जा रहा था। इसके तहत मौके पर छ क्विंटल तैयार पनीर व 600 लीटर दूध बरामद हुआ। डा. भंवर सिंह ने कहा कि दोनों चीजों के सैंपल ले लिए हैं और उनको लैब में भेजा जाएगा। इंस्पेक्टर वीरेंद्र सिंह ने बताया कि खाद्य व पेय पदार्थों में मिलावट को लेकर कोई भी लापरवाही नहीं बरती जाएगी, जिसके लिए समय-समय पर छापेमारी की जाएगी।

पनीर में मिलावट को लेकर दूसरी बार पड़ी छापेमारी

हिसार रोड पर गांव सिंघवाल निवासी प्रवीण व सोनू द्वारा पिछले काफी समय से पनीर तैयार किया जा रहा है। तैयार पनीर को चंडीगढ़ के होटलों में सप्लाई किया जाता था। सीएम फ्लाइंग ने इससे पहले 19 अक्टूबर 2020 को भी इनके यहां पर छापेमारी की थी। वहीं डाक्टरोंं की टीम ने तैयार पनीर को मौके पर नष्ट करवाकर गड्ढे में दबवा दिया था। वहीं पनीर व दूध के सैंपल लेकर लैब में भिजवाए थे, जिसके बाद रिपोर्ट आने पर उनको लगभग 2.50 लाख रुपये जुर्माना किया गया था। प्रवीण व सोनू ने जुर्माना भरकर फिर से पनीर बनाना शुरू कर दिया था। सीएम फ्लाइंग को फिर सूचना मिली कि प्रवीण व सोनू पनीर में मिलावट कर चंडीगढ़ सप्लाई करते हैं, जिससे लोगों की सेहत पर असर पड़ता है।

Edited By: Rajesh Kumar