करनाल, जागरण संवाददाता। संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर भारत बंद के दौरान आंदोलनकारियों के जत्थे बाजार बंद कराने को लेकर दिन भर सड़कों पर उतरे रहे। ये नारेबाजी करते हुए दुकानदारों से अपने-अपने प्रतिष्ठान बंद रखने की अपील करते रहे। आंदोलनकारियों के बीच ही कई लोगों के हाथों में भिंडरांवाले के फोटो युक्त काले झंडे भी दिखाई दिए, जो चर्चा का विषय बने रहे। इन झंडों वाली फोटो इंटरनेट मीडिया पर वायरल होती रही। माना जा रहा है कि ये झंडे खालिस्तान से जुड़े थे। हालांकि पुलिस प्रशासन ने इन झंडों को गंभीरता से नहीं लिया और ये झंडे लिए लोग कई जगह प्रदर्शनकारियों के साथ ही घूमते रहे।

उधर पुलिस अधीक्षक गंगा राम पूनिया का कहना है कि जिला भर में भारत बंद के दौरान हालात शांतिपूर्ण रहे। कहीं से किसी प्रकार की अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली। खालिस्तानी झंडे का भी कोई मामला संज्ञान में नहीं आया है, लेकिन कानून व्यवस्था से खिलवाड़ किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

बता दें कि किसान आंदोलन में पहले भी भिंडरांवाला का नाम चर्चा में रहा है। इससे जुड़े झंडे तो कभी खालिस्‍तान के पक्ष में नारेबाजी चर्चा में रही है। वहीं, अब करनाल में भारत बंद के दौरान झंडा एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है।

ग्रामीण क्षेत्र में बंद कर खास असर नहीं रहा

भारत बंद के दौरान शहर में अधिकतर बाजार बंद रहे तो ग्रामीण क्षेत्रों में मिला-जुला असर दिख ई दिया। जिले में 18 से अधिक जगह सड़कें जाम की गईं। शहर में आंदोलनकारियों ने भाजपा कार्यालय नहीं खुलने दिया तो निसिंग में किसान भवन का आंदोलनकारियों ने उद्घाटन कर दिया। रेल व रोडवेज सेवाएं बंद रहीं, जिससे यात्री परेशान हुए। कार्यालयों से लेकर नेशनल और स्टेट हाईवे पर कम आवाजाही रही। चारों तरफ सुरक्षा प्रबंध रहे।

यहां बंद कराया भाजपा कार्यालय

आंदोलनकारियों ने कलंदरी गेट, पुरानी सब्जी मंडी, कर्ण गेट मार्केट, सदर बाजार मार्केट, रेलवे रोड मार्केट, हांसी रोड मार्केट, कुंजपुरा रोड, माडल टाउन सहित अन्य मार्केट बंद कराई तो वहीं काछवा रोड, कैथल रोड, रामनगर व अन्य बाजारों में भी पहुंचे। अधिकतर दुकानदारों ने अपनी-अपनी दुकानें पहले ही बंद रखी हुई थीं। आंदोलनकारियों ने रेलवे रोड स्थित भाजपा कार्यालय बंद करवा दिया तो श्यामनगर क्षेत्र में भाजपा के झंडे जलाए। हालांकि दुकानदार सहयोग करते दिखाई दिए तो कहीं-कहीं कुछ दुकानें खुली रहीं। पुलिस की टीमें बाजारों के मुख्य चौराहों से लेकर अन्य जगहों पर तैनात रहीं तो खुफिया कर्मी भी सतर्क रहे। बाजारों में कम लोग पहुंचे।

Edited By: Anurag Shukla