राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। स्मार्ट सिटी योजना में शामिल फरीदाबाद महानगर में पिछले छह साल में सिर्फ एक ही योजना पूरी हुई है। केंद्र सरकार ने 930 करोड़ रुपये की 45 योजनाओं को मंजूरी दी हुई है, लेकिन इनमें से सिर्फ एक करोड़ सात लाख रुपये का मोबिलिटी प्लान ही पूरा हो पाया है। 928.97 करोड़ की बाकी 44 योजनाएं अधूरी पड़ी हैं। इन योजनाओं को पूरा करने के लिए केंद्र और राज्य सरकार ने अपने हिस्से के 588 करोड़ रुपये भी दे दिए हैं।

राज्य के दो शहरों फरीदाबाद और करनाल को स्मार्ट सिटी में किया गया था शामिल

विधानसभा के मानसून सत्र में कांग्रेस विधायक नीरज शर्मा के एक सवाल के जवाब में शहरी स्थानीय निकाय मंत्री डाक्टर कमल गुप्ता ने यह जवाब दिया है। गुप्ता का कहना है कि 44 योजनाओं पर काम चल रहा है और इनका निष्पादन करना बकाया है। राज्य में स्मार्ट सिटी योजना के तहत 2015 में देश के 100 शहरों में फरीदाबाद और करनाल को शामिल किया गया था। फरीदाबाद स्मार्ट सिटी कंपनी का गठन 20 सितंबर 2016 को हुआ था।

8.67 करोड़ की लागत से बन रहे हैं तीन थीम पार्क

स्मार्ट सिटी के तहत फरीदाबाद के सेक्टर-21 बी में 8.67 एकड़ जमीन में तीन थीम पार्क बनाए जाने हैं। इनमें से एक का कार्य सितंबर 2022 और दो का कार्य अप्रैल 2023 तक पूरा किया जाएगा।

प्रमुख अधूरी योजनाएं

योजना-                                                                            लागत (करोड़ रुपये में)

इंटीग्रेटिड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर-                                          172.51

26.1 किलोमीटर लंबी रोड का निर्माण-                                      325

बड़खल तिरंगा रोड-                                                              42.50

बड़खल झील का जीर्णोद्धार-                                                   30.52

पुलिस लाइन से शेरशाह सूरी रोड तक तीन सड़कों का निर्माण-     36.40 ।

Edited By: Sunil Kumar Jha