जेएनएन, चंडीगढ़। हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि राज्य में 10 हजार एकड़ जमीन पर जंगल सफारी की स्थापना की जाएगी। इसकी 6000 एकड़ भूमि गुरुग्राम व  4000 एकड़ नूंह जिले में होगी। यह एशिया की अब तक की सबसे बड़ी सफारी होगी। जंगल में सभी जानवरों के लिए अलग जोन होंगे।

सीएम मनोहर लाल ने कहा कि गत सप्ताह दो बार दुबई जाना हुआ। इसका उद्देश्य जंगल सफारी बनाना था। उन्होंने शारजाह में 2000 एकड़ की सफारी देखी। हरियाणा की जंगल सफारी में 10 अलग-अलग जोन होंगे। रैपटाइल, शेर, पक्षियों के जोन से लेकर इतिहास से जोड़ने वाला आडिटोरियम होगा।

सीएम ने कहा कि वर्तमान में अफ्रीका के बाहर सबसे बड़ा क्यूरेटेड सफारी पार्क शारजाह में है, जिसका क्षेत्रफल करीब दो हजार एकड़ है। इस जंगल सफारी पार्क में 10 जोन होंगे, जिसमें एक बड़ा हर्पेटेरियम, एवियरी/बर्ड पार्क, बिग कैट्स के चार जोन, शाकाहारी जानवरों के लिए एक बड़ा क्षेत्र, विदेशी पशु पक्षियों के लिए एक क्षेत्र, एक अंडरवाटर वर्ल्ड, नेचर ट्रेल्स/विजिटर/टूरिज्म जोन, बॉटनिकल गार्डन/बायोमेस, इक्वाटोरियल/ट्रापिकल/कोस्टल/डेजर्ट इत्यादि होंगे।

सीएम ने कहा कि इस संबंध में केंद्रीय वन, पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव व वह एक प्रतिनिधिमंडल के साथ शारजाह जंगल सफारी का दौरा करने गए थे। इस जंगल सफारी योजना के विकसित होने से न केवल राज्य में पर्यटन को एक बड़ा बढ़ावा मिलेगा, बल्कि इससे स्थानीय लोगों को रोजगार के पर्याप्त अवसर भी प्रदान होंगे।

उन्होंने कहा कि इस सफारी पार्क में सुविधाओं के डिजाइन व संचालन में अंतरराष्ट्रीय अनुभव वाली कंपनियों को शार्टलिस्ट किया गया है। वहीं एक अरावली फाउंडेशन की स्थापना की जाएगी जो परियोजना का प्रबंधन करेगा।उन्होंने कहा कि केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण ने इसके लिए क्षेत्र का मूल्यांकन अध्ययन किया और इस तरह के पार्क की स्थापना की तकनीकी व्यवहार्यता पर सहमति व्यक्त की है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अरावली पर्वत श्रृंखला एक सांस्कृतिक धरोहर है जहां पर पक्षियों, वन्य प्राणियों , तितलियों आदि की कई प्रजातियां पाई जाती हैं। कुछ वर्षों पहले करवाए गए सर्वे के अनुसार अरावली पर्वत श्रृंखला में पक्षियों की 180 प्रजातियां, मैमल्स अर्थात स्तनधारी वन्य जीवों की 15 प्रजातियां, रेप्टाइल्स अर्थात जमीन पर रेंगने वाले और पानी में रहने वाले प्राणियों की 29 प्रजातियां तथा तितलियों की 57 प्रजातियां विद्यमान हैं।

मनोहर लाल ने कहा कि उनकी कोशिश होगी कि चीते भी इस सफारी में ला सकें। यह सफारी दिल्ली के पास होने से यहां पर्यटन बढ़ेगा और आसपास के लोगों को होम स्टे पालिसी का लाभ मिलेगा। केंद्र सरकार से भी हमें फारेस्ट एरिया स्थापित करने के लिए सहायता मिलेगी। अरावली फाउंडेशन बनाकर उसके तहत ये सभी कार्य किए जाएंगे। 

हरियाणा के सीएम ने कहा कि दौरे का दूसरा उद्देश्य गुरुग्राम में 1080 एकड़ में बनने वाली ग्लोबल सिटी को लेकर था। लगभग 1 लाख करोड़ का इसमें निवेश होगा। 13 कंपनियों के साथ हमारी बैठक हुई। कई इन्वेस्टर्स से निवेश पर चर्चा हुई। लक्ष्य रखा गया है कि एक लाख युवाओं की वहां प्लेसमेंट मिले। 

सीएम मनोहर लाल ने कहा कि चर्चा के दौरान एक कंपनी ने केवल 14 घंटों में ही कुछ युवा मांगे हैं। पीपीपी के जरिये 180000 से कम वार्षिक आय वाले बच्चों को सबसे पहले भेजेंगे। नवंबर में ग्लोबल सिटी के पहले चरण का आक्शन करने का लक्ष्य है। 

अब विदेशों में भी मिलेगा प्रदेश के युवाओं को रोजगार

मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल ने कहा कि अब प्रदेश के युवाओं को विदेशों में भी रोजगार मिलेगा। इसके लिए उन्होंने अपने दुबई दौरे के दौरान विभिन्न प्लेसमेंट कंपनियों से बातचीत की है। इन प्लेसमेंट कंपनियों ने उन पर भरोसा जताया है। इन प्लेसमेंट कंपनियों की जरुरत के मुताबिक युवाओं को ट्रेनिंग देकर विदेश में रोजगार के लिए भेजा जाएगा।

सीएम ने कहा कि यह काम हरियाणा ओवरसीज प्लेसमेंट सेल आगे बढ़ाएगी और यह सेल हरियाणा के विदेश सहयोग विभाग के अंतर्गत कार्य करेगी। एक सवाल का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल ने कहा कि ग्लोबल सिटी के लिए जिन भी कंपनियों से उनकी बातचीत हुई, उन्होंने मांग रखी है कि सरकार के माध्यम से होने वाले काम जल्द से जल्द पूरा हों। इसके चलते उन्होंने इस सिटी में सिंगल विंडो सिस्टम अपनाने के लिए कहा है।

ग्लोबल सिटी में मिक्स लैड के फार्मेट में बेचे जाएंगे प्लाट

एक सवाल का जवाब में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि ग्लोबल सिटी में मिक्स लैंड के फार्मेट पर प्लाट बेचे जाएंगे। इंडस्ट्री की जितनी डिमांड आएगी, उसके हिसाब से प्लॉट आवंटित किए जाएंगे। 100 एकड़, 50 एकड़, 20 एकड़ व 5 एकड़ तक के प्लाट आबंटित किए जाएंगे।

4 महीने में पीपीपी के माध्यम से बनी 12 हजार 763 पेंशन

एक अन्य सवाल का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि परिवार पहचान पत्र के माध्यम से 4 महीने में 12 हजार 763 पेंशन बनी है। 60 साल की उम्र पूरा होने से एक महीने पहले ही विभाग का एक कर्मचारी संबंधित व्यक्ति से अनुमति ले लेता है और फिर उसकी पेंशन स्वयं ही शुरू हो जाती है।

प्रदेश में 207 मंडियों में हो रही खरीफ फसलों की सुगम खरीद

हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि प्रदेश की 207 मंडियों में खरीफ फसलों की निर्बाध खरीद की जा रही है। 4 अक्टूबर तक विभिन्न एजेंसियों द्वारा मंडियों में 11 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की गई है। मुख्यमंत्री ने बताया कि हैफेड द्वारा अब तक 16,000 मीट्रिक टन बाजरे की खरीद की गई है। इस वर्ष बाजरे का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2350 रुपये प्रति क्विंटल है।

Edited By: Kamlesh Bhatt

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