हरियाणा में अविवाहित शिक्षिकाओं को तबादले में मिलेंगे 10 अतिरिक्त अंक, हाईकोर्ट के बाद सरकार का बड़ा फैसला
हरियाणा सरकार ने 40 वर्ष से अधिक उम्र की अविवाहित शिक्षिकाओं को तबादले में 10 अतिरिक्त अंकों का लाभ देने का निर्णय लिया है।

पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट फाइल फोटो
HighLights
40+ अविवाहित शिक्षिकाओं को तबादले में 10 अतिरिक्त अंक
हाईकोर्ट में चुनौती के बाद हरियाणा सरकार का निर्णय
विधवा, तलाकशुदा शिक्षिकाओं के समान मिलेगा लाभ
दयानंद शर्मा, चंडीगढ़। हरियाणा में 40 वर्ष से अधिक उम्र की अविवाहित शिक्षिकाओं को अब तबादले में 10 अतिरिक्त अंकों का लाभ मिलेगा। पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में शिक्षक तबादला नीति-2026 को चुनौती दिए जाने के बाद राज्य सरकार ने यह राहत देने का निर्णय लिया है।
सरकार ने अदालत को बताया कि 40 वर्ष से अधिक उम्र की अविवाहित शिक्षिकाओं को विधवा, तलाकशुदा और कानूनी रूप से अलग रह रही महिला शिक्षिकाओं की तरह यह लाभ दिया जाएगा। इसके लिए तबादला नीति में संशोधन किया जाएगा, ताकि पात्र शिक्षिकाओं को इसकी जानकारी मिल सके और वे लाभ के लिए दावा कर सकें। हरियाणा की पीजीटी शिक्षिका सूर्या मौदगिल सहित अन्य शिक्षकों ने अधिवक्ता सरदविंदर गोयल के माध्यम से शिक्षक तबादला नीति-2026 को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी।
याचिकाकर्ताओं की मुख्य आपत्ति यह थी कि 40 वर्ष से अधिक उम्र की अविवाहित शिक्षिकाओं को तबादले के लिए 10 अतिरिक्त अंक देने का प्रविधान नहीं किया गया, जबकि विधवा, तलाकशुदा, न्यायिक रूप से अलग रह रही महिलाओं और एकल अभिभावकों को यह लाभ दिया जा रहा है।
याचिका में कहा गया कि 40 वर्ष से अधिक उम्र की अविवाहित महिलाएं भी सामाजिक और पारिवारिक परिस्थितियों के कारण विशेष चुनौतियों का सामना कर सकती हैं। ऐसे में उन्हें तबादले में अतिरिक्त अंकों के लाभ से बाहर रखना उचित नहीं है।
याचिकाकर्ताओं ने नीति में इस अंतर को असंवैधानिक बताते हुए कहा कि अविवाहित शिक्षिकाओं को केवल इस आधार पर लाभ से वंचित नहीं किया जाना चाहिए कि समान सुविधा अविवाहित पुरुष शिक्षकों को नहीं दी गई है। उनका तर्क था कि संविधान का अनुच्छेद 15 राज्य को महिलाओं के लिए विशेष प्रविधान करने की अनुमति देता है।
