नई दिल्ली [बिजेंद्र बंसल]। केंद्र सरकार कोरोना महामारी से जंग के बीच किसान संगठनों से किसी भी तरह के टकराव को टालना चाहती है। ऐसे भी संकेत हैं कि निकट भविष्य में केंद्र और किसान संगठनों के बीच तीन कृषि सुधार कानूनों को लेकर एक बार फिर वार्ता हो। इसके लिए केंद्र सरकार की तरफ से बातचीत का प्रारूप भी तैयार किया जा रहा है। रविवार हिसार में पांच सौ बेड के कोविड अस्पताल के उद्धाटन मौके पर किसान संगठनों के विरोध के घटनाक्रम की जानकारी देने सोमवार सायं मुख्यमंत्री मनोहर लाल गुरुग्राम से दिल्ली पहुंचे।

मनोहर लाल ने नई दिल्ली में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा की उपस्थिति में राज्य में कोरोना महामारी से निपटने के उपायों से लेकर हिसार में किसानों के विरोध संबंधी जानकारी विस्तार से दी। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल हिसार घटनाक्रम के बाद ही केंद्रीय नेतृत्व से मिलने पहुंचे थे। खुद मुख्यमंत्री ने इस पूरे घटनाक्रम को लेकर कोई तल्ख टिप्पणी नहीं की। हालांकि उन्होंने यह तो कहा वे कोरोना अस्पताल का शुभारंभ करने गए थे और इसका विरोध गलत है मगर किसानों ने अपने विरोध की बाबत प्रशासन को अवगत कराया है कि आगे से ऐसा नहीं होगा। विरोध कार्यक्रम स्थगित रहेंगे।

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मुख्यमंत्री के अनुसार राज्य सरकार किसानों के वैक्सीनेशन का इंतजाम भी करवा रही है। ब्लैक फंगस की चुनौती को लेकर भी सीएम ने अपनी चिंता से केंद्रीय नेतृत्व को अवगत करा दिया है। गृहमंत्री ने आश्वस्त किया है कि केंद्र सरकार कोरोना के इलाज के लिए सभी उपयुक्त दवाओं का आयात भी कर रही है। शीघ्र ही इन दवाओं को राज्यों तक पहुंचा दिया जाएगा।

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वार्ता के लिए बन रहा है आधार

हिसार में हुए घटनाक्रम के बाद भाजपा के वरिष्ठ नेता पूर्व केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह ने ट्वीट कर किसानों से बातचीत का सुझाव दिया था। इससे पहले राज्य के गृहमंत्री अनिल विज और प्रदेश अध्यक्ष ओमप्रकाश धनखड़ भी कोरोना महामारी के चलते किसानों से आंदोलन खत्म करने की मांग कर चुके हैं। अब हिसार घटनाक्रम के बाद भी मुख्यमंत्री मनोहर लाल का किसानों के प्रति सकारात्मक रुख यह दर्शाता है कि सरकार के सामने कोरोना महामारी से निपटने की बड़ी चुनौती है। सीएम ने यहां तक कहा कि किसानों की बाबत जैसे-जैसे केंद्रीय नेताओं से निर्देश मिलेंगे, राज्य सरकार धैर्यपूर्वक आगे बढ़ती जाएगी। ऐसे संकेतों से किसानों से बातचीत का आधार भी बन रहा है।

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हम धैर्य रखकर आगे बढ़ेंगे

सीएम मनोहर लाल का कहना है कि किसानों के मुद्दे पर हम धैर्य रखकर आगे बढ़ेंगे। हमारा मुख्य फोकस इस समय कोरोना महामारी से लड़ना है। हमने केंद्रीय नेताओं को कोरोना महामारी से निपटने के लिए किए जा रहे उपायों से लेकर किसान आंदोलन सहित ब्लैक फंगस की नई चुनौती के बारे में भी विस्तार से बताया है। हमें उम्मीद है कि आने वाले समय में तमाम चीजों का कोई न कोई सार्थक हल निकलेगा।

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