जेएनएन, चंडीगढ़। हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने भाजपा सरकार पर सुस्त व संवेदनहीन होने का आरोप लगाया। उन्‍होंने कहा कि राज्य में कानून व्यवस्था पूरी तरह से बिगड़ चुकी है। राज्‍य सरकार का कानून व्यवस्था पर कोई कंट्रोल नहीं रहा। राज्य में न बिजली है और न ही पीने का पानी। अपराधी लगातार वारदातों को अंजाम दे रहे हैैं और सरकार चैन की नींद सोई पड़ी है।

थानेसर के पिंडारसी में दो लोगों की हत्या पर लगाए गंभीर आरोप

मानेसर जमीन आवंटन मामले में सीबीआइ कोर्ट पंचकूला में पेशी के लिए पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा ने अपने आवास पर कार्यकर्ताओं से मुलाकात के दौरान यह बात कही। उन्होंने आरोप लगाया कि थानेसर के नजदीक पिंडारसी गांव के दो वाल्मीकि भेड़ पालकों की चोरों ने निर्मम हत्या कर दी। चोर उनकी सवा दो सौ भेड़ भी चुरा ले गए, लेकिन अभी तक न तो चोरों का पता लग सका और न ही पीडि़त परिवारों की आर्थिक मदद की जा सकी।

बिजली, पानी और कानून व्यवस्था में फेल रहने पर मांगा इस्तीफा

हुड्डा के अनुसार, वह पीडि़त परिवारों को सांत्वना देने पिंडारसी भी गए थे। गांव वालों ने उन्हें बताया कि भेड़ पालकों के मुंह पर टेप लगा कर दो को लाठियों से पीट-पीट कर बेरहमी से मार डाला गया और एक को गंभीर रूप से घायल कर दिया गया। रेलवे लाइन नजदीक होने से खुले बाड़े से निकली 67 भेड़ें रेलगाड़ी की चपेट में आकर मारी गई।

हुड्डा ने कहा कि लुटेरों की इस वारदात से पांच दलित परिवार बर्बाद हो गए। इन परिवारों का घर खर्च पशुपालन से ही चल रहा था। उनके सामने आजीविका चलाने का संकट खड़ा हो गया है। हुड्डा ने कहा कि पीडि़त लोग मुख्यमंत्री व मंत्रियों से भी मिले, मगर उन्हें कोई ठोस आश्वासन नहीं दिया गया।

उन्होंने पीडि़त परिवार के एक-एक सदस्य को पक्की नौकरी देने, नुकसान की भरपाई करने तथा आर्थिक मदद प्रदान किए जाने की मांग की है। उन्होंने सरकार पर हर मोर्चे पर फेल रहने का आरोप लगाते हुए सीएम से इस्तीफा मांगा।

Posted By: Sunil Kumar Jha

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