जागरण संवाददाता, फिरोजपुर झिरका: शहर के गुरुग्राम-अलवर राष्ट्रीय राजमार्ग के दोनों ओर स्ट्रीट लाइट लगाने की योजना सालभर से लटकी हुई है। इसको लेकर पिछले वर्ष प्रस्ताव भी पास हुआ, लेकिन पार्षदों की आपसी खींचतान की वजह से यह योजना ठंडे बस्ते में पड़ी हुई है। क्षेत्र के लोगों ने बढ़ती दुर्घटनाओं को देखते हुए जिला उपायुक्त से हाईवे पर स्ट्रीट लाइटें लगवाने की मांग की है। लोगों का कहना है कि रात के समय राजमार्ग पर अंधेरा होने के कारण आए दिन दुर्घटनाएं घटित हो रहीं हैं। इसके कारण न केवल मार्ग से गुजरने वाले राहगीर इससे परेशानी झेल रहे हैं, बल्कि लोगों में यात्रा करते समय भय का माहौल भी बना हुआ है।

बता दें कि फिरोजपुर झिरका शहर के गुरुग्राम-अलवर राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्ट्रीट लाइटें नहीं होने के चलते रात के समय मार्ग पर काफी अंधेरा रहता है। इसके चलते आम राहगीरों सहित इससे गुजरने वाले वाहन चालकों को भी काफी परेशानी उठानी पड़ती है। इसके अलावा ट्रैफिक सिस्टम कंट्रोल करने के लिए लगाई लाइटें भी पिछले तीन सालों से बंद पड़ी हुई हैं, जिससे मार्ग पर जाम लगने के साथ ही यातायात हमेशा प्रभावित रहता है।

लोगों ने बताया कि करीब तीन किलोमीटर लंबे इस मार्ग पर स्ट्रीट लाइटें होना बेहद जरुरी है। इस मार्ग पर सदर थाना, विभिन्न विभागों के कार्यालयों सहित शहर की और आने-जाने वाले मुख्य रास्तें हैं। जिनसे अंधेरे में निकलना मुश्किल हो जाता है। पार्षदों की आपसी खींचतान शहर के विकास पर भारी :

¨वगत ढाई वर्षों से नपा के पार्षदों में आपसी खींचतान का क्रम जारी है। ऐसे में पार्षदों की लड़ाई में शहर के विकास कार्य प्रभावित नजर आ रहे हैं। हाइवे के दोनों ओर लगने वाली स्ट्रीट लाइटों को लेकर पिछले वर्ष टेंडर लगा था, लेकिन पार्षदों की टांग खिचाई में यह रद्द हो गया। अन्य कामों में भी पार्षदों की टांग खिचाई चरम पर है। इसी के चलते शहर में विकास कार्य लगभग ठप पड़े हुए हैं।

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