जागरण संवाददाता, कुरुक्षेत्र : किशोर दा संगीत नाट्य ट्रस्ट की ओर से रेलवे रोड स्थित भारत सेवाश्रम संघ में आयोजित कुरु राष्ट्रीय नाट्य महोत्सव पुरस्कार वितरण के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम में हरियाणा, पश्चिम बंगाल, बिहार, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, झारखंड व मणिपुर आदि राज्यों की टीमों ने समाज के ज्वलंत मुद्दों को उजागर करते हुए जख्मों का दर्द, अगर यही रफ्तार रही, महारथी कर्ण, दस दिन का अनशन, अत्याचारी नारी, उम्मीद, सूरजमुखी और हैमलेट व यह मेरा देश आदि नाटकों का मंचन किया। भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के सहयोग से चल रहे इस महोत्सव में सर्वश्रेष्ठ नाटक महारथी कर्ण रहा, जबकि द्वितीय पुरस्कार यह मेरा देश ने प्राप्त किया, इसी तरह तीसरा पुरस्कार अगर यही रफ्तार रही ने हासिल किया। ड्रामे के हर लिहाज से ऑल ऑवर ट्रॉफी निर्देशक सुनील चौहान द्वारा निर्देशित नाटक महारथी कर्ण ने हासिल की। सभी नाटकों के सर्वश्रेष्ठ नायंक और नायिकाओं को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम में भारत सेवाश्रम संघ के सह-संचालक स्वामी तारानंद, शिक्षाविद् अतुल जग्गा, सैंट पीटर कॉन्वेंट स्कूल के निदेशक विपिन शर्मा और हरियाणा ब्राह्मण धर्मशाला एवं छात्रावास के प्रदेशाध्यक्ष पवन शर्मा पहलवान ने सभी कलाकारों को सम्मानित किया। कार्यक्रम संयोजक किशोर दत्त ने सभी अतिथियों, लेखकों, निर्देंशकों और कलाकारों का आभार व्यक्त किया। बॉक्स

इनको मिला सर्वश्रेष्ठ नायक नायिकाओं का पुरस्कार नाटय आंगन संस्था के कलाकार अवधेश मिश्रा को प्रथम, भाव आर्टस मुदगलपुरी के मोहमद जिलानी को द्वितीय, दिल्ली से रश्मी ¨सह को प्रथम अभिनेत्री, कोलकता की बार्बी पाल को द्वितीय अभिनेत्री, दिल्ली के कृष्णदास को सह अभिनेता, दिल्ली के ही मोहम्मद बेलाल को सह अभिनेता का पुरस्कार दिया गया। इसी तरह दिल्ली की सह अभिनेत्री तपस्या को प्रथम व कानपुर की शुभी मैहरोत्रा ने दूसरा पुरस्कार लिया। चरित्र अभिनेता में अनुकृति रंग मंडल कानपुर के आकाश ¨सह ने प्रथम व अंबाला के केशव ने दूसरा स्थान प्राप्त किया। चरित्र अभिनेत्रियों में भाव आर्ट दिल्ली की तांजिल ने प्रथम व रजनी सेठी ने दूसरा पुरस्कार प्राप्त किया। बाल कलाकरों में कोलकाता की आयुष्मिता ने प्रथम व अंबाला की कोमल ने दूसरा स्थान प्राप्त किया।

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