संवाद सहयोगी, इंद्री : जिले में प्रथम स्थान पाने वाले हर्षित कांबोज का सपना डॉक्टर बनना है। फूंसगढ़ गांव के हर्षित इस वक्त चंडीगढ़ में एमबीबीएस निट की कोचिग ले रहे हैं। हर्षित बताते हैं कि अगर आप अपना काम करने की जिम्मेदारी समझते हैं तो पढ़ाई में अव्वल आना मुश्किल नहीं है। 486 अंक हासिल करने वाले हर्षित काफी खुश हैं। उनके पिता चंद्रवेश किसान हैं और माता पिकी रानी घर संभालती हैं। पिता चंद्रवेश के अनुसार ज्ञान बढ़ाने के लिए मोबाइल फोन अच्छा साधन है। जब बेटा परीक्षा देकर लौटा था तो बहुत रोया था। उस समय बेटे ने बोला था कि इंग्लिश के पेपर में सात नंबर कम आएंगे। हर्षित बताते हैं कि मोबाइल फोन आज की जरूरत है और इसी से ही आधुनिकता का ज्ञान मिलता है।

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