जागरण संवाददाता, करनाल : तीन साल से करीब 50 हजार मीट्रिक टन गेहूं का उठान नहीं होने और बरसात में गेहूं खराब होने का मामला अभी भी सुलझा नहीं है। जिला खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के स्तर पर सरकारी गेहूं खराब होने के मामले में जुंडला स्टाक के इंस्पेक्टर नवीन और असंध स्टाक के इंस्पेक्टर कपिल जाखड़ के स्टाक की जांच शुरू करवा दी गई है। इस मामले को लेकर पांच सदस्यीय कमेटी गठित की गई, जबकि एक टीम मुख्यालय से भी पहुंच चुकी है। यह स्टाक का अपने स्तर पर निरीक्षण करेगी। दूसरी ओर अभी तक उपायुक्त के निर्देश पर इस पूरे मामले को लेकर एडीसी को जांच सौंपी गई थी, लेकिन विभाग कार्य की वजह से अन्य स्टेशन पर जाने की वजह यह जांच अभी एक सप्ताह बाद भी शुरू नहीं हो पाई है। असंध और जुंडला में गेहूं खराब होने की मिली थी शिकायत असंध और जुंडला में रखे सरकारी गेहूं के स्टाक के खराब होने की शिकायत मिली थी। बरसात में खुले आसमान के नीचे रखा गेहूं खराब हो रहा था तो साथ ही वजन भी कम होने की बात सामने आई। इन दो सेंटर के साथ ही विभाग के पास एफसीआइ का करीब 50 हजार मीट्रिक टन गेहूं रखा है। इसका तीन साल से उठान नहीं हुआ है। तीन साल से उठान नहीं होने से इसमें वजन संबंधित गड़बड़ी होने की संभावना है। कमेटी ने शुरू की जांच जिला खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की ओर से इन दोनों स्टाक की जांच को लेकर एफएसओ निर्दोष डांगी, अमन सिंह,रवींद्र जागलान, कंवरदीप व संदीप की कमेटी गठित की है। इस कमेटी ने सोमवार से अपना काम शुरू कर दिया है। जबकि मुख्यालय की एक टीम भी करनाल पहुंच गई है, जो स्टाक की जांच करेगी। पहले भी आ चुकी शिकायतें यह पहली दफा नहीं है, जब सरकारी गेहूं खुले आसमान के नीचे खराब होने का मामला सामने आया हो। इससे पहले भी गाहे-बगाहे बरसात के सीजन में गेहूं खराब होने की बातें सामने आती रहती हैं। लेकिन आज तक इस तरह के मामले में किसी पर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई है। दोनों इंस्पेक्टर को स्टाक अपग्रेड के आर्डर-राठी डीएफएससी निशांत राठी ने कहा कि जुंडला व असंध स्टाक के दोनों इंस्पेक्टर को स्टाक अपग्रेड करने के आर्डर मिल चुके हैं। जबकि जुंडला के इंस्पेक्टर नवीन को सोमवार को पत्र स्टाक का चार्ज देने के लिए पत्र लिखा गया है। इसके साथ ही एफसीआइ के अधिकारियों से बातचीत की जा रही है। जल्द ही स्टाक का उठान करवा जाएगा।

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