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दातासिंहवाला बॉर्डर पर अर्धनग्न होकर प्रदर्शन करेंगे किसान, दिल्ली मार्च रोकने पर किसानों में रोष

Published: Wed, 19 Aug 2026 07:00 AM (IST)

जींद के दातासिंहवाला बॉर्डर पर 'किसान बचाओ पदयात्रा' के 51 किसान बुधवार को अर्धनग्न प्रदर्शन करेंगे। यह प्रदर्शन दिल्ली जाने ...और पढ़ें

दातासिंहवाला बॉर्डर पर 51 किसानों का दल अर्धनग्न होकर करेगा प्रदर्शन।

दातासिंहवाला बॉर्डर पर 51 किसानों का दल अर्धनग्न होकर करेगा प्रदर्शन।

HighLights

  1. 51 किसान दातासिंहवाला बॉर्डर पर अर्धनग्न प्रदर्शन करेंगे

  2. 'किसान बचाओ पदयात्रा' को दिल्ली जाने से रोका गया

  3. केंद्र सरकार से पुरानी मांगें और व्यापार समझौते पर विरोध

संवाद सूत्र, नरवाना (जींद)। किसान बचाओ पदयात्रा में शामिल 51 किसान बुधवार को दातासिंहवाला बॉर्डर पर लगे बैरिकेड्स के पास अर्धनग्न होकर प्रदर्शन करेंगे। जींद प्रशासन ने रविवार को बॉर्डर पर बैरिकेडिंग लगाकर दिल्ली की तरफ जाने से रोक दिया था। इसके विरोध में किसानों ने बॉर्डर के पास ही पंजाब की तरफ धरना शुरू कर दिया था। रात को भी किसान सड़क के किनारे पर ही सो रहे हैं।

मंगलवार को प्रेस कान्फ्रेंस करते हुए किसान बचाओ पदयात्रा के संयोजक जगजीत सिंह डल्लेवाल ने कहा कि भारत के संविधान में देश के मेहनतकश लोगों को अपने हकों के लिए शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने के मिले अधिकारों का भाजपा सरकार हनन कर रही है।

इसके विरोध में बुधवार को अर्धनग्न होकर प्रदर्शन किया जाएगा। किसानों का केवल 51 सदस्यीय पैदल जत्था अपनी मांगों को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर जाने वाला था। किसानों की वे मांगें, जिन्हें केंद्र सरकार पहले स्वीकार कर चुकी है।

वहीं, अमेरिका के साथ किए जा रहे भारत-अमेरिका मुक्त व्यापार समझौते से कृषि क्षेत्र को बाहर रखने की मांग सहित अन्य मांगों को लेकर यह पैदल जत्था जंतर-मंतर जा रहा था।

किसानों का रास्ता रोकने के लिए हरियाणा सरकार ने हाईवे पर इस तरह दीवारें और बैरिकेड्स खड़े कर दिए हैं, जैसे किसी बाहरी देश के लोग दिल्ली जा रहे हों। इससे स्पष्ट होता है कि भाजपा सरकार को किसानों के ट्रैक्टर-ट्रालियों से ही एलर्जी नहीं है, बल्कि इस कारपोरेट समर्थक सरकार को अपने ही देश के किसानों से एलर्जी है।