जागरण संवाददाता, जींद : हिसार में सीएम के कार्यक्रम का विरोध करने पहुंचे किसानों पर पुलिस की कार्रवाई के विरोध में लोग सड़कों पर उतर आए। जींद जिले में हिसार-चंडीगढ़ नेशनल हाइवे, बेलरखां में दिल्ली-पटियाला हाइवे, चांदपुर में जींद-कैथल रोड, अलेवा, जींद बाईपास पर अशरफगढ़ गांव के पास, राजपुरा, रामराय, मनोहरपुर, गतौली समेत दर्जनभर से ज्यादा जगहों पर किसानों ने दोपहर बाद जाम लगा दिया। शाम तक जाम लगा हुआ था। शाम को पांच बजे के बाद हिसार जाते समय किसान नेता राकेश टिकैत राजपुरा से होते हुए निकले। इस दौरान वे गाड़ी रोक कर किसानों से भी मिले। किसानों ने केंद्र और प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए रोष जताया। रास्ते जाम होने की वजह से वाहन चालकों को परेशानी हुई। रविवार को हिसार में सीएम मनोहर लाल 500 बेड के कोविड अस्पताल का उद्घाटन करने के लिए पहुंचे थे। उनका विरोध करने पहुंचे किसानों और पुलिस कर्मियों में झड़प हुई। जिसमें काफी चोटें भी आई। सबसे पहले बद्दोवाल टोल प्लाजा पर हिसार से टोल पर पहुंचे क्षेत्र के किसानों ने लगभग आधे-पौने घंटे के लिए सांकेतिक जाम भी लगा दिया था। बाद में खोल दिया गया था। लेकिन गुरनाम सिंह चढूनी के आह्वान पर किसानों ने हिसार-चंडीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर गांव दनौदा में जाम लगा दिया गया। जाम लगने पर वाहनों की लंबी-लंबी लाइनें लग गई। वहीं जिले में बाकी जगहों पर भी शाम को पांच से सात बजे तक रास्ते जाम रखे। किसान नेताओं ने हिसार में हुई घटना की निदा की। उचाना विकास संघर्ष समिति के अध्यक्ष अनुराग खटकड़ ने कहा कि सरकार किसानों के घाव पर मरहम लगाने की बजाय बार-बार कुरदने का काम कर ही है। किसानों पर लाठियां बरसाना गलत है।

गतौली में किसानों जाम किया जींद रोहतक मार्ग

जुलाना : क्षेत्र के गतौली गांव में किसानों ने जींद-रोहतक मार्ग जाम कर दिया। किसान नेता नरेश ढांडा ने कहा कि रविवार को दो घंटे के लिए जींद रोहतक मार्ग को जाम किया है और सोमवार को पुलिस थाने का घेराव किया जाएगा। जब तक किसानों की मांगों को नही माना जाता, तब तक भाजपा, जजपा के नेताओं का विरोध जारी रहेगा। किसानों पर पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किया जाना निदनीय घटना है।