जागरण संवाददाता, हिसार। कोरोना महामारी अब नियंत्रण में है। ऐसे में शिक्षा विभाग ने प्राइमरी स्कूल खोलने के लिए प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिला स्तर पर भी विभागीय अधिकारियों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। सफाई के निर्देश दे दिए गए हैं ताकि आदेश आते ही स्कूल खोले जा सके। करीब डेढ़ साल से प्राइमरी स्कूल पूरी तरह से बंद हैं। हालांकि हाई स्कूल के विद्यार्थियों को कक्षाओं में बुलाया गया था। लेकिन प्राइमरी की कक्षाएं नहीं शुरू हो पाई। अब कोरोना के केस कम हो गए हैं। निजी स्कूल संचालकाें की एसोसिएशन ने शिक्षा मंत्री को भी ज्ञापन भेजकर मांग की है कि प्राइमरी स्कूल खोले जाएं। इसके बाद शिक्षा मंत्री ने भी अपने बयान में संकेत दिए हैं कि अगस्त माह में प्राइमरी स्कूल खोलने पर फैसला लिया जा सकता है।

जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी ने दिए सफाई के निर्देश

जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी धनपत राम ने सभी खंड मौलिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि विद्यालय मुखियाओं के माध्यम से प्राथमिक विद्यालयों की कक्षाएं शुरू करवाने के लिए अपनी तैयारी पूरी रखें। इसके लिए उन्होंने स्कूल के सभी कमरों की सफाई करने और सैनिटाइज करवाने के निर्देश दिए हैं। इस समय स्कूलों में छठी कक्षा से लेकर 12वीं कक्षा की पढ़ाई शुरू करवा दी गई है। ऐसे में शिक्षक और अन्य स्टाफ सदस्य स्कूलों में आ रहे हैं। इसलिए शिक्षा विभाग ने व्यवस्था बनाई है कि पहले स्कूलों में तैयारियां शुरू करवा दी जाएं। ताकि विभाग की ओर से आदेश आने के बाद बिना देरी के काम किया जा सके।

हमारी तैयारियां पूरी हैं : जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी

स्कूलों में पूरा स्टाफ पहले से ही आ रहा है। छठी से 12वीं की कक्षाएं शुरू हो चुकी हैं। इसलिए हमने प्लान बनाया है कि पहली से पांचवी की कक्षाआें के लिए भी अपने स्तर पर पहले से तैयारियां कर लें ताकि विभाग की ओर से आदेश आते ही बिना किसी देरी के कक्षाएं शुरू की जा सके। इसके अलावा एसएमसी का गठन भी शुरू कर दिया गया है।

- धनपत राम, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, हिसार।

Edited By: Manoj Kumar