जेएनएन, सिरसा : थेहड़ खाली करवाने को प्रक्रिया लगातार जारी है। बुधवार को भी अधिकारी सर्वे करने पहुंचे थे तो इस बात को लेकर लोगों और अधिकारियों के बीच खूब गहमा गहमी हो गई। लोगों ने अधिकारियों को कहा कि पहले हमारा पुनर्वास करवाओ फिर घर खाली करवाना। बता दें कि इससे पहले हाईकोर्ट ने जिला प्रशासन की ओर से 20 महीने का समय देने की याचिका को खारिज कर दिया है। हाईकोर्ट ने कहा कि थेहड़ खाली करने की प्रक्त्रिया निरंतर जारी रहनी चाहिए। अब 24 सितंबर को इस मामले की स्टेटस रिपोर्ट हाईकोर्ट ने मागी है। जिला प्रशासन को बताना होगा कि 24 सितंबर तक कितना और थेहड़ खाली करवाया है। वहीं हाईकोर्ट ने पूरा थेहड़ खाली करवाने के अपने आदेश को बरकरार रखा है। इसलिए प्रशासन को जो उम्मीद थी कि कोर्ट 20 महीने का समय दे सकती है ऐसा नहीं हुआ। जिला प्रशासन की ओर से डीसी प्रभजोत सिंह और डीआरओ नौरंग दास हाईकोर्ट गए थे। प्रशासन ने हाईकोर्ट में थेहड़ से 28 एकड़ भूमि का ऊपरी हिस्सा खाली करवाने की रिपोर्ट सौंपी। जिला प्रशासन ने इस गुहार पर हाईकोर्ट ने किया इंकार

प्रशासन की ओर से बताया गया है कि थेहड़ के निचले हिस्से पर स्थित मकानों की संख्या ज्यादा है। इसके अलावा वहा पर तीन चार स्कूल भी चल रहे हैं। बच्चों की शिक्षा का विस्थापन भी करना होगा। इसलिए प्रशासन पहले सबका सर्वे करवाकर रोड मैप तैयार करना चाहता है। उसके बाद मकान शिफ्ट करने की योजना बनाई जाएगी। इसलिए उन्हें 20 महीने का समय चाहिए। मगर कोर्ट ने कहा कोई स्थाई समय नहीं है। रेगुलर कार्रवाई जारी रखो। यहा बता दें कि अब तक कुल 610 परिवार थेहड़ से हुडा सेक्टर 19 में बने हाउसिंग बोर्ड के फ्लैट में शिफ्ट किए गए हैं। अभी भी करीब 2400 परिवार थेहड़ पर बसे हुए हैं। उनको भी मकान खाली करवाने के आदेश दिए हुए हैं।

Posted By: Jagran