हिसार, जेएनएन। जीजेयू के एक प्रोफेसर की बेटी को इंटरनेट के जरिये अश्लील मैसेज भेजने के मामले में पुलिस डेढ़ महीने बाद भी अज्ञात आरोपित का पता नहीं लगा पाई है। करीब डेढ़ महीने पहले जीजेयू के एक प्रोफेसर ने एचटीएम थाना में एफआइआर दर्ज करवाई थी। जिसमें पुलिस को दी गई जानकारी में बताया था कि उनकी बेटी को एक अज्ञात शख्स पिछले कई दिनों से इंटरनेट के जरिये अश्लील मैसेज कर रहा है साथ ही उसे जान से मारने की भी धमकी देता है।

पहले वह उसकी बेटी को ही मैसेज करता था। लेकिन बाद में उसने परिवार के अन्य लोगों के मोबाइल पर भी इंटरनेट के जरिये अश्लील मैसेज भेजे जा रहे है, साथ ही जान से मारने की धमकी भी दी। इस मामले में एचटीएम थाना इंचार्ज का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।

स्कूटी की सीट फाड़कर भी अज्ञात आरोपित ने किया था मैसेज

प्रोफेसर ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनकी बेटी को लगातार मैसेज भेजे जा रहे हैं। साथ ही कुछ दिन पहले विश्वविद्यालय में ही उनकी बेटी की स्कूटी विश्वविद्यालय परिसर में खड़ी थी इसी दौरान स्कूटी की सीट को बुरी तरह से फाड़ दिया गया। जिसके बाद अज्ञात आरोपित ने उसकी बेटी के फोन पर मैसेज भी भेजा की स्कूटी की सीट उसने ही फाड़ी है। उसने फिर से जान से मारने की धमकी भी दी।

नंबर बदला लेकिन नहीं थमा मैसेज आने का सिलसिला

प्रोफेसर ने पुलिस को दी गई जानकारी में बताया था कि उन्होंने लगातार मैसेज आने पर बेटी का मोबाइल नंबर बदल दिया। लेकिन इसके कुछ दिनों बाद नए नंबर पर भी मैसेज आने का सिलसिला शुरू हो गया। जो लगातार जारी है। प्रोफेसर ने इस मामले में शक जताया था कि विश्वविद्यालय का ही कोई विद्यार्थी शामिल है, तभी उसकी बेटी का नया नंबर भी पता चल गया। वहीं स्कूटी की सीट फाडऩे की घटना के बारे में भी पुलिस को अवगत करवाते हुए इस मामले में विश्वविद्यालय के ही किसी शख्स के शामिल होने का शक जताया था।

पचास महिला प्रोफेसर्स को अश्लील मैसेज भेजने के मामले में जीजेयू के अधिकारी का बेटा निकला था दोषी

करीब तीन महीने पहले राजस्थान विश्वविद्यालय की 50 महिला प्रोफेसर्स को अश्लील मैसेज भेजने के मामले में राजस्थान पुलिस ने जीजेयू के एक अधिकारी के बेटे को हिरासत में लिया था। इस मामले में आरोपित किशोर ने इंटरनेट के जरिए 50 महिला प्रोफेसरों को इंटरनेट के जरिए अश्लील मैसेज भेजे थे। एक महिला प्रोफेसर को गिफ्ट भेजने पर आरोपित का पता लगा था। जिसके बाद राजस्थान पुलिस ने जीजेयू आकर मामले में दोषी किशोर को हिरासत में लिया था।

--मामले में जांच की जा रही है। यह मामला पेचिदा है। इसमें साइबर एक्सपर्टों की मदद ली जा रही है। जल्द ही मामले का पटाक्षेप किया जाएगा।

- विनोद कुमार, एचएसओ, सिटी थाना हिसार

Posted By: Manoj Kumar

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