हिसार, जेएनएन। भाजपा नेता को सेक्टर के बरसाती नालों की सफाई का टेंडर देना निगम अफसरों के लिए मुसीबत बन गया है। एक साल से अर्बन एस्टेट के लोग ड्रेनेज की सफाई नहीं होने के कारण निगम के चक्कर लगा रहे है। एक सप्ताह पहले हुई बरसात के दौरान अर्बन एस्टेट के लोगों के घरों में दो से तीन फुट पानी तक भर गया था। प्री-मानसून में बरसात के डर से वीरवार को ड्रेनेज की सफाई की मांग लेकर अर्बन एस्टेट की वेलफेयर एसोसिएशन और क्षेत्रवासी मेयर गौतम सरदाना से मिले।

फोटो के साथ उन्हें बरसाती नालों की स्थिति से अवगत करवाया। मेयर ने समस्या देखते हुए एसई व एक्सईएन को मौके पर ही तलब कर लिया। अधिकारी अपना तर्क देने लगे और आगामी कार्रवाई के लिए शिकायत मांगी। तो मेयर ने उन्हें फटकार लगाते हुए टेक्निकल अधिकारियों से कहा कि शिकायतों की आपके पास किताब बन गई होगी अब सफाई की बात करो। मेयर के आदेश पर अधिकारी मौके पर पहुंचे तो जनता से चौक पड़े ड्रेनेज दिखाई, जिसको देख अधिकारी भी दंग रह गए। लोगों ने भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कहा कि क्या कागजों में ही ये साफ कर रहे हो।

 

जनता की जुबानी - कागजों में कैसे साफ हुआ बरसाती नाला

अर्बन एस्टेट आरडब्ल्यूए महासचिव राकेश आर्य ने कहा कि अर्बन एस्टेट में थोड़ी सी बरसात होते ही कई घरों में दो से तीन फुट पानी भर जाता है। मेयर के सामने सबूत के रूप में फोटो दिखाते हुए राकेश आर्य, आरसी गोयल, महेंद्र कुमार और उनके साथ मौजूद कई लोगों ने मेयर गौतम सरदाना को कहा कि जब से हम अर्बन एस्टेट में है करीब 25 सालों से हमने कभी ये ड्रेनेज साफ नहीं देखी। एचएसवीपी प्रशासक से लेकर निगम अधिकारी इन वर्षों में मौके का निरीक्षण कर सफाई का आश्वासन दे चुके है। सफाई पर कागजों में अफसर बजट भी खर्च कर रहे है लेकिन सफाई आज तक बरसाती नालों की नहीं हुई। चाहे तो मौका देख लो। मेयर के सामने एक्सईएन ने भी मान लिया कि ड्रेनेज का काफी हिस्सा साफ किया था। लेकिन जब जनता से उन्हें एक एक लाइन की बताई तो वे भी सफाई का आश्वासन देकर मामले से पल्ला झाड़ गए। राकेश आर्य ने कहा कि शास्त्री पार्क से मैन सड़क तक तो आज तक बरसाती नाला कभी पूरी तरह से साफ हुआ ही नहीं। जबकि दो माह पहले अफसरों ने 10-15 घरों के सामने सफाई करवाकर कागजों में ड्रेनेज साफ दिखा दी। हमारे साथ यह कई सालों से होता आ रहा है। इस मामले में मेयर संज्ञान ले।

 

शहर में ड्रेनेज सफाई पर खर्च की राशि जांच का विषय

क्षेत्रवासियों की माने तो अर्बन एस्टेट जैसे पॉश एरिया में जब सालों से ड्रेनेज सफाई कागजों में ही हो रही है।  शहर के अन्य क्षेत्रों में भी यहीं हाल होने की संभावना है। यह मामला जांच का विषय है। इसमें बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार का खुलासा होने की संभावना है। उन्होंने कहा कि साल 2017 से अब तक करीब 15 बार लिखित शिकायत कर चुके। अफसरों ने ड्रेनेज के लिए पहले 2.63 करोड़ का प्रोजेक्ट बनाया। फिर घटाकर 37 लाख बनाया। दो सालों से कागजों में प्रोजेक्ट की औपचारिकता करके जनता को धोखा दे रहे है।

भाजपा नेता का तर्क

ओबीसी मोर्चा के जिला महामंत्री व सफाई ठेकेदार रतन सैनी ने कहा कि उनकी तरफ से ड्रेनेज की सफाई कर दी गई है। कहीं पानी खड़ा है और लेवल की दिक्कत है तो वह निगम देखेगा।

 

--अर्बन एस्टेट निवासियों ने ड्रेनेज व्यवस्था दुरुस्त करवाने के लिए लिखित मांगपत्र दिया है। अफसरों से इस बारे में जवाब लिया और उन्हें मौका का निरीक्षण कर समस्या के समाधान का आदेश दिया गया है। इसके अलावा शहर के अन्य क्षेत्रों की ड्रेनेज की सफाई के लिए निगम व जनस्वास्थ्य विभाग के अफसरों को आदेश दिए गए है।

- गौतम सरदाना, मेयर, नगर निगम हिसार।

लोकसभा चुनाव और क्रिकेट से संबंधित अपडेट पाने के लिए डाउनलोड करें जागरण एप

आज़ादी की 72वीं वर्षगाँठ पर भेजें देश भक्ति से जुड़ी कविता, शायरी, कहानी और जीतें फोन, डाउनलोड करें जागरण एप

Posted By: manoj kumar