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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 09, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Farmer Protest: तीन कृषि कानूनों के खिलाफ चल रहे आंदोलन में पंजाब से आए एक और किसान की मौत

By Umesh KdhyaniEdited By:
Published: Thu, 09 Sep 2021 03:21 PM (IST)

दिल्ली के बार्डरों पर पिछले कई महिनों से कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का आंदोलन चल रहा है। किसान लगातार ...और पढ़ें

किसान आंदोलन में एक और किसान की मौत।
किसान आंदोलन में एक और किसान की मौत।

 बहादुरगढ़, जागरण संवाददाता। दिल्ली की सीमाओं पर पिछले कई महीनों से तीन कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन चल रहा है। आंदोलन में पंजाब से आए एक और किसान की मौत हो गई। जानाकीर के अनुसार बताया जा रहा है कि किसान को वीरवार सुबह पथरी का दर्द हुआ था। जिसे शहर के एक निजी अस्पताल में उसे भर्ती कराया गया, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। थाना सदर की एचएल सिटी चौकी पुलिस को सूचना दी गई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर सिविल अस्पताल में पोस्टमार्टम के पहुंचाया है।

किसान आंदोलन की गतिविधियाों में सक्रिया था गुरदयाल सिंह

पंजाब के जिला मुक्तसर की तहसील गिद्​दड़बाहा के गांव गुटरगू गुहा निवासी 75 वर्षीय गुरदयाल पुत्र अर्जुन सिंह तीन दिन से बहादुरगढ़ बाईपास के पकाैड़ा चौक पर ठहरा हुआ था। वह अक्सर आंदोलन में गांव से अन्य साथियों के साथ आता जाता रहता है। वीरवार सुबह करीब साढ़े सात बजे उसे पथरी का दर्द उठा। दवा दी गई, मगर दर्द कम नहीं हुआ। उसे साथ किसान शहर के स्वास्तिक अस्पताल में लेकर आए जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अस्प्ताल ने इसकी सूचना थाना सदर की एचएल चौकी पुलिस को दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। शव को अपने कब्जे में पुलिस ने ले लिया है।

किसान आंदोलन के 9 महीनें पूरे

किसान तीन कृषि कानूनों को रद्द करवाने के लिए पिछले कई महिनों से दिल्ली की सीमाओं पर धरना दिए हुए है। किसान लगातार कानूनों को रद्द करवाने का मांग को लेकर अड़े हुए है। इस मामले में किसानों और सरकार की कई दौर की वार्ता भी हो चुकी है लेकिन मुद्दों पर सहमति नहीं बन पाई है। इस कड़ी टीकरी बार्डर पर लगातार किसानों की मौत हो रही है। हालांकि मौत का करण हृदय की गति रुकने के कारण हो रही है लेकिन इसी बीच बार्डर करीब 60 किसान अपनी जान गवा चुके हैं।