गुरुग्राम, जागरण टीम: भोंडसी की आइआरबी की द्वितीय वाहिनी में तैनात कुक 7 को 17 बनाने के चक्कर में फंस गया। बीमार होने पर डाक्टर ने कुक जोगिंदर सिंह को 7 दिन की हल्की ड्यूटी करने का परामर्श दिया। कुक ने 7 को 17 बनाकर अधिकारियों के सामने पेश कर दिया। शक होने पर आइआरबी के कमांडेंट धर्मवीर सिंह ने पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय) गरिमा को कुक के मेडिकल कागजात की जांच कराने को कहा। जांच में 7 दिन हल्की ड्यूटी का परामर्श देने की बात सामने आई। कमांडेंट की शिकायत पर भोंडसी थाना पुलिस ने कुक के विरुद्ध धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है।

आरोपित कुक फिलहाल आइआरबी की सी कंपनी में सोनीपत में तैनात है। कुक जोगिंदर सिंह ने पांच मई को आइआरबी कमांडेंट के सामने एक प्रार्थना पत्र और रोहतक मेडिकल कालेज से जारी मेडिकल सर्टिफिकेट जमा किया। कमांडेंट को दिए मेडिकल सर्टिफिकेट में कुक को 17 दिन की हल्की ड्यूटी का परामर्श बताया गया था। कमांडेंट को 17 दिन की बात पर कुछ शक हुआ। उन्होंने मामले की जांच के लिए पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय) गरिमा को पत्र लिखा।

सात को 17 करना पड़ा महंगा

मेडिकल सर्टिफिकेट की जांच पर रोहतक मेडिकल कालेज के न्यूरो सर्जरी विभाग के सहायक प्रोफेसर अमरनाथ ने बताया कि 22 अप्रैल को जोगिंदर सिंह ओपीडी में कमर दर्द और दोनों पैरों में दर्द की शिकायत लेकर आया था। मरीज को देखने के बाद उसको एमआरआइ कराने की सलाह देने के साथ 7 दिन की हल्की ड्यूटी की लिखित सलाह दी थी।

मेडिकल सर्टिफिकेट में छेड़छाड़

पुलिस करेगा आपराधिक मामले की जांच मेडिकल सर्टिफिकेट में छेड़छाड़ करने का कुक को दोषी पाया गया। इसके बाद आठ अगस्त को भोंडसी में आइआरबी की प्रथम बटालियन की एडीए सुषमा से कानूनी सलाह ली गई। एडीए सुषमा ने सलाह दी कि आइआरबी आरोपित कुक के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई और आपराधिक मामला दर्ज कराने के लिए स्वतंत्र है।

धोखाधड़ी का मामला दर्ज

कानूनी सलाह लेने के बाद कमांडेंट धर्मवीर सिंह ने इस मामले की शिकायत भोंडसी थाना पुलिस से की। भोंडसी थाना पुलिस ने कुक जोगिंदर के विरुद्ध धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है। कमांडेंट धर्मवीर सिंह का कहना है कि आपराधिक मामले की जांच पुलिस करेगी। जोगिंदर सिंह के विरुद्ध विभागीय जांच भी होगी।

Edited By: MOHAMMAD AQIB KHAN