गुरुग्राम (आदित्य राज)। साइबर सिटी में चेहरा देखकर प्यार और जाति जानने पर इनकार करने का मामला सामने आया है। यह वाक्या एक युवा अधिवक्ता के साथ हुआ। उसकी एक युवती से बात शादी तक पहुंच चुकी थी। जैसे ही युवती को उसकी जाति का पता उसने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए शादी करने से इनकार कर दिया। अधिवक्ता की शिकायत पर न्यू कालोनी थाना पुलिस ने एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। अधिवक्ता से एक युवती क्लाइंट की तरह पहली बार 20 सितंबर 2020 को मिली थी। धीरे-धीरे जान-पहचान बढ़ गई। एक दिन उसने अधिवक्ता से कहा कि उसके पापा नहीं है। एक छोटा भाई है। बड़ी मुश्किल से वह और उसकी मां जाब करके घर चलाते हैं। इस बात से उसकी हमदर्दी युवती से और बढ़ गई। इसके बाद वह अधिवक्ता से अक्सर कोर्ट में मिलने पहुंचने लगी। फिर दोनों एक दिन एंबियंस माल पहुंचे। जहां युवती ने 15 हजार रुपये की शापिंग करवाई।

शापिंग के दौरान ही युवती ने अधिवक्ता से कहा कि आपसे प्यार हो गया है और शादी करना चाहती है। थोड़ी देर हैरान रहने के बाद संकोच करते हुए अधिवक्ता ने कहा कि घर चलकर बड़ों से बात करते हैं। युवती को जैसे ही पता चला कि 26 जनवरी को अधिवक्ता की मां का जन्मदिन है, उसने फोन किया। इस पर उसे घर आने के लिए कह दिया। घर पर आकर गिफ्ट देने के साथ ही युवती ने कहा कि आंटी मैं आपके बेटे से शादी करना चाहती हूं।

इस बीच शादी करने का बहाना बनाकर युवती ने एक लाख रुपये से अधिक की शापिंग करवाई। एक दिन माल में दोनों चर्चा करते-करते एक-दूसरे की जाति पूछ बैठे। जैसे ही अधिवक्ता ने अपनी जाति बताई वैसे ही उसके व्यवहार में बदलाव आ गया। एक दिन कह दिया कि जिस जाति से तुम हो, वह शादी नहीं कर सकती। यही नहीं उसने जाति सूचक शब्दों का भी प्रयोग किया।

Edited By: Mangal Yadav