यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 01, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
मेवात में अनुसूचित जाति के लोगों पर हो रहा अत्याचार: पवन कुमार
पूर्व न्यायाधीश पवन कुमार ने कहा मेवात में अनुसूचित जाति के लोगों के साथ अत्याचार हो रहा है।

जागरण संवाददाता, गुरुग्राम: पूर्व न्यायाधीश पवन कुमार ने कहा कि मेवात में अनुसूचित जाति के लोगों के साथ अत्याचार हो रहा है। पाकिस्तान और मेवात में कोई अंतर नहीं रह गया है। मंगलवार को अग्रवाल धर्मशाला में प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए पवन कुमार ने कहा कि महिलाओं का उत्पीड़न किया जा रहा है। लंबे समय से इन शिकायतों पर कोई कार्रवाई नहीं होने के कारण पीड़ित परिवारों को लग रहा है कि अब उन्हें अपनी इज्जत, अपना धर्म और अपनी धरती बचाने के लिए खुद संघर्ष करना पड़ेगा। इसीलिए श्री वाल्मीकि महासभा हरियाणा ने यह निर्णय लिया है कि चार सदस्यीय जांच समिति का गठन करके वहां की हकीकत को तथ्यों के साथ सरकार व समाज के सामने लाया जाए। मुख्यमंत्री मनोहर लाल को पहले ही इस मुद्दे से अवगत कराया जा चुका है।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद से रिटायर हुए पवन कुमार को इस प्रकरण की जांच करने के लिए चार सदस्यीय जांच समिति का अध्यक्ष बनाया गया है। वे श्री वाल्मीकि महासभा हरियाणा के प्रदेश अध्यक्ष हैं। इस मौके पर वाल्मीकि महापंचायत हरियाणा के अध्यक्ष सुल्तान वाल्मीकि, आर्य प्रतिनिधि सभा हरियाणा के उपाध्यक्ष कन्हैया लाल आर्य तथा बार एसोसिएशन सोहना के अध्यक्ष देवदत्त शर्मा भी मौजूद रहे। सभी जांच दल के सदस्य भी हैं।
पवन कुमार ने कहा स्कूल जाने वाली बच्चियों और महिलाओं के साथ छेड़खानी करने वाली घटनाएं पूरे मेवात में होती हैं, जिनके कारण उनका विद्यालय में पढ़ने जाना भी दूभर हो गया है। जबरन धर्मांतरण के कई उदाहरण सामने आए परंतु किसी भी मामले में कोई कार्रवाई ना होने के कारण धर्मातरित व्यक्तियों के परिवारों पर भी धर्मांतरण का दबाव बनाया जा रहा है।
