जागरण संवाददाता, गुरुग्राम: साइबर सिटी में बृहस्पतिवार इस सप्ताह का सबसे प्रदूषित दिन रहा। यहां पीएम 2.5 का स्तर 422 माइक्रो ग्राम प्रति क्यूबिक मीटर तक पहुंच गया। यह हाल तब है जब दोपहर को तेज हवा चली और शाम को बूंदाबांदी हुई। लोगों को लग रहा था कि बूंदाबांदी के बाद वायु प्रदूषण से राहत मिलेगी, मगर ऐसा नहीं हुआ। पर्यावरणविदों का कहना है कि इस प्रकार की स्थिति चिता में डालने वाली है। यदि हवा और बारिश के बाद भी प्रदूषण स्तर में कमी होने की बजाय वृद्धि हो रही तो इस दिशा में वाकई गंभीर प्रयास करने की जरूरत है।

पिछले कई दिनों से शहर की आबोहवा जहरीली बनी हुई है। जिसका लोगों को स्वास्थ्य पर विपरीत असर पड़ रहा है। सुबह 8:00 बजे विकास सदन के आसपास पीएम 2.5 का स्तर 365 दर्ज किया गया, वहीं शाम 5:00 बजे इसका स्तर बढ़कर 366 हो गया। ग्वाल पहाड़ी के आसपास वायु प्रदूषण का स्तर सुबह 8:00 बजे 414 दर्ज किया गया था, जो शाम 5:00 बजे बारिश होने के बाद 422 दर्ज किया गया। बता दें कि पीएम 2.5 का स्तर जब वातावरण में 0-50 से अधिक होता है तो यह हमारे स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव डालता है। चिकित्सकों का कहना है कि सांस की बीमारी से पीड़ितों को इस प्रकार के वातावरण में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ने से लोगों को आंखों में जलन और गले में खरास की शिकायतें आ रही हैं।

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सोमवार 354

मंगलवार 361

बुधवार 373

बृहस्पतिवार 422

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