जासं, गुरुग्राम : शहर में धोखाधड़ी की शिकायतें दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही हैं। बुधवार को भी अलग-अलग थानों में दो मामले दर्ज किए गए। सेक्टर 56 निवासी नवरंग की शिकायत है कि उन्होंने प्रभुप्रेम बिल्डकम प्राइवेट लिमिटेड के प्रोजेक्ट में काम किया। जब हिसाब किया तो उनकी मशीनें भी रख ली गईं और दो करोड़ 82 लाख रुपये भी नहीं दिए। शिकायत के आधार पर सदर थाना पुलिस ने कंपनी के प्रबंध निदेशक संतोष कुमार बराल, निदेशक संतोष गर्ग, शोभित गर्ग, प्रदीप दयाल, रमन दयाल एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी संजय गुप्ता के खिलाफ मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि मामले की छानबीन के बाद आगे की कार्यवाही शुरू की जाएगी।

इधर, उद्योग विहार स्थित एक विज्ञापन कंपनी के पूर्व कर्मचारी द्वारा लगभग 10 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने का मामला सामने आया है। आरोपित ने कंपनी के अलग-अलग बैंक खातों से पैसे निकाल लिए। कंपनी के एचआर प्रबंधक विकास की शिकायत पर साइबर क्राइम थाना पुलिस ने पूर्व कर्मचारी वेणुगोपाल रेड्डी एवं ज्योति रेड्डी के खिलाफ मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। ज्योति रेड्डी ने धोखाधड़ी करने में आरोपित का साथ दिया था। शिकायत के मुताबिक वेणुगोपाल रेड्डी ने कंपनी वर्ष 2013 के दौरान ज्वाइन की थी। कुछ ही महीने बाद उसने इस्तीफा दे दिया था। उसी दौरान उसने काफी गोपनीय जानकारी हासिल कर ली थी।

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