संवाद सहयोगी,तावडू : हरियाणा शिक्षा विभाग ने बढ़ती ठंड और कोहरे के चलते विद्यार्थियों की सुरक्षा को देखते हुए गत 20 दिसंबर से स्कूलों की समय सारणी में बदलाव कर दिया है। नए निर्देशों के अनुसार 20 दिसंबर से स्कूलों का समय सुबह दस से दोपहर दो तक का निश्चित किया गया है जबकि शिक्षण स्टाफ को समय से आधे घंटे पहले स्कूल में पहुंचना अनिवार्य है।

सरकारी विद्यालयों में तो इस नई समय सारिणी का प्रभावी तरीके से पालन किया जा रहा है लेकिन निजी स्कूल संचालक शिक्षा विभाग के दिशा-निर्देशों को ठेंगा दिखा अपनी मनमानी चला रहे हैं। नई समय सारणी लागू होने के तीन दिन बाद भी पूर्व के समय अनुसार ही स्कूली बसों में विद्यार्थियों को बैठते हुए देखा जा रहा है।

बृहस्पतिवार सुबह करीब 7:52 पर ठंड में कई निजी स्कूलों के प्राइमरी स्तर की कक्षाओं के बच्चे स्कूल जाते दिखाई दिए। अभिभावक कुलभूषण भारद्वाज, अजय कुमार, श्यामसुंदर सेन,भारत मल्होत्रा और गौरव सहरावत ने बताया कि उनके बच्चों के स्कूल समय में कोई बदलाव नहीं किया गया है। पूर्व के समय अनुसार ही वह बच्चों को स्कूल छोड़ने जाते हैं। बता दें कि अधिकतर निजी स्कूल संचालक शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार आधी क्षमता के साथ छात्र बुलाने के नियमों की भी खुलेआम अवहेलना कर रहे हैं। स्कूली बस पर जो चालक रखे हुए हैं अधिकतर के पास ना तो बैज नंबर है और ना ही निर्धारित की गई वर्दी। हद तो तब हो जाती है जब अभिभावकों द्वारा शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों तक शिकायत पहुंचाने के बाद भी इन पर कोई कार्रवाई नहीं की जाती।

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कुछ निजी स्कूलों की शिकायत संज्ञान में आई है। इसको लेकर एक निगरानी कमेटी का गठन किया गया है जिसमें नजदीकी सरकारी स्कूल के अध्यापक प्रतिदिन क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले स्कूलों की समय सारणी से संबंधित रिपोर्ट प्रेषित करेंगे। उसके बाद भी लापरवाही की गई तो उनके खिलाफ विभागीय कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।

- रमेश मलिक, प्रखंड शिक्षा अधिकारी,तावडू

Edited By: Jagran