गुरुग्राम, जागरण संवाददाता। राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (एनएसजी) का 37वां स्थापना दिवस समारोह शनिवार को मानेसर स्थित ट्रेनिंग सेंटर में मनाया गया। जागरण संवाददाता से मिली जानकारी के मुताबिक, मानेसर स्थित नेशनल सिक्योरिटी गार्ड परिसर स्थित मेजर उन्नीकृष्णन ग्राउंड में कर्तव्यनिष्ठा, जांबाजी और राष्ट्र के प्रति समर्पण का बेहद अलग अंदाज में नजारा देखने को मिला। इस मौके पर एनएसजी कमांडो और उनके द्वारा प्रशिक्षित किए गए के-9 डाग्स के हैरतअंगेज कारनामों ने मौके पर मौजूद लोगों का दिल जीत लिया। इसमें दिखाया गया कि किस तरह से के-9 डाग आतंकी पर हमला कर उसे हार मानने के लिए विवेश कर देते हैं। कुलमिलाकर अगर इनकी गिरफ्त में कोई आतंकी आ जाए तो वह बचकर नहीं जा सकता है। वहां मौजूद लोग इस तरह के कारनामों से काफी प्रभावित हुए। इस दौरान यह भी बताया गया कि कमांडो किस प्रकार से आतंकी हमलों के दौरान अपना आपरेशन करते हैं, इसका डेमो भी सभी के समक्ष प्रस्तुत किया गया।

इस मौके पर अपने संबोधन में एनएसजी महानिदेशक (डीजी) एमए गणपति (NSG DG, MA Ganapathy) ने कहा कि एनएसजी ने अमृतसर में भारत-पाक सीमा पर पाकिस्तान द्वारा ड्रोन से गिराए गए कई आईईडी टिफिन बमों को निष्प्रभावी किया है। 

उधर, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ट्वीट कर नेशनल सिक्योरिटी गार्ड्स 37वें स्थापना दिवस पर जवानों को बधाई दी। उन्होंने अपने ट्वीट में कहा है- 'हमारे बहादुर एनएसजी कर्मियों को 37वें स्थापना दिवस पर बधाई। एनएसजी एक विश्व स्तरीय प्रशिक्षित फोर्स है, जो सभी तरह के आतंकवाद से निपट तक सकता है। इस बहादुर फोर्स ने अपने आदर्श वाक्य ‘सर्वत्र सर्वोत्तम सुरक्षा’ पर खरा उतरने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। भारत को एनएसजी ब्लैक कैट्स पर गर्व है।’

Edited By: Jp Yadav