जागरण संवाददाता, गुड़गांव : राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय सह संपर्क प्रमुख अरुण कुमार ने कहा है कि भारत के वीर सैनिकों की शौर्य गाथा का इतिहास अद्वितीय रहा है। अपने समर्पण भाव से भारत की सेना ने दुनिया की सेना के बीच अपना विशेष स्थान बनाया है और इस गाथा में हरियाणा के सैनिकों की विशेष भूमिका रही है।

अरुण कुमार रविवार शाम सेक्टर 9 स्थित सिद्धेश्वर स्कूल में आयोजित मासिक पत्रिका 'संघमार्ग' के वीर भूमि हरियाणा विशेषाक के विमोचन अवसर पर बोल रहे थे। यह विशेषाक संघमार्ग के रजत जयंती वर्ष व 16 दिसंबर 'विजय दिवस' के उपलक्ष्य में प्रकाशित किया गया है।

अरुण कुमार ने कहा कि विपरीत परिस्थितियों में भी भारत के सैनिकों ने नया इतिहास रचा है। इनके अनुसार 1962 में हुए भारत-चीन युद्ध में संसाधनों के अभाव के बावजूद भी इन वीर सैनिकों ने चीन नापाक इरादों को नेस्तनाबूद कर दिया। चीन ने भी माना कि इस युद्ध में भारत के सैनिकों ने साबित कर दिया कि उनमें शौर्य की अदभुत कला है। उन्होंने रेजागला मेमोरियल वार का भी विशेष तौर पर जिक्र करते हुए कहा कि यह युद्ध जीतने में हरियाणा के सैनिकों की विशेष भूमिका रही। इस अवसर पर पत्रिका के विमोचन के लिए विशेष तौर पर उपस्थिति पूर्व एयर मार्शल कीर्तिशेखर चतुर्वेदी ने कहा कि वे संघ से कभी जुड़े हुए नहीं रहे, लेकिन संघ के विचारों से अवगत जरूर है। उन्होंने कहा कि सेना और संघ के विचारों में समरूपता दिखती है। कार्यक्रम का संचालन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के जिला प्रचार प्रमुख अनिल कश्यप ने किया। इस अवसर पर संस्कार भारती के प्रातीय महामंत्री अजय सिंघल, विश्व हिदू परिषद के केंद्रीय मंत्री महेद्र यादव, संघ के विभाग प्रचारक विजय, जिला प्रचारक शिव कुमार, पूर्व जिला कार्यवाह प्रदीप शर्मा, भाजपा के जिला महामंत्री भूपेंद्र चौहान, पूर्व आइआरएस अनुराग बख्शी, भाजपा जिला उपाध्यक्ष सुमेर सिंह तंवर, निगम पार्षद अनिल यादव, सुभाष चंद्र सिंगला, विश्व हिदू परिषद के जिला अध्यक्ष महावीर भारद्वाज, ब्रह्मा शर्मा, संघ के सह जिला कार्यवाहक हरीश शर्मा, नगर संघ चालक जगदीश ग्रोवर, हरिसिंह यादव, नगर प्रचार प्रमुख शरद व प्रशात गौड़ मौजूद थे।