फरीदाबाद, जागरण संवाददाता। सेक्टर-88 स्थित अकार्ड अस्पताल में काम करने वाली दो महिला कर्मचारियों के शव सोमवार को अलग-अलग जगह फ्लैट और हास्टल में फांसी के फंदे पर लटके मिले। इनमें एक महिला मैनेजर के पद पर थी, जबकि दूसरी नर्स थी। पुलिस ने दोनों के शव पोस्टमार्टम के लिए बादशाह खान अस्पताल भिजवाए हैं।

एक ही अस्पताल की दो महिला कर्मचारियों के इस तरह शव मिलने से पुलिस भी सकते हैं। पुलिस इसमें किसी साजिश के एंगल पर भी जांच कर रही है। खेड़ी पुल थाना प्रभारी सुभाष ने बताया कि सभी एंगल पर मामले की जांच की जा रही है।

अस्पताल के हास्टल के कमरे में मिला शव

मूलरूप से महेंद्रगढ़ के गांव राठीवास की रहने वाली 25 वर्षीय कविता अकार्ड अस्पताल में नर्स के तौर पर कार्यरत थी। गांव पलवली में अकार्ड अस्पताल का नर्स हास्टल है। इसके एक कमरे में कविता भी रहती थी। उनकी रूम पार्टनर ने पुलिस को बताया कि सुबह वह कपड़े सुखाने छत पर गई थी। जब वापस लौटी तो कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। उन्होंने दरवाजा खटखटाया, मगर अंदर से कोई आवाज नहीं आई।

इसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कमरे का दरवाजा तोड़ा तो अंदर कविता का शव चुन्नी से बने फंदे पर लटका मिला। पुलिस ने उसके स्वजन को सूचित कर दिया। कविता के पिता महेंद्र ने बताया कि वह काफी बहादुर लड़की थी। उन्होंने हत्या की आशंका जताई है। सोमवार सुबह ही कविता की फोन पर अपनी बड़ी बहन से बात हुई थी। बड़ी बहन का कहना है कि बात करने पर कविता बिल्कुल ठीक लग रही थी। ऐसा बिल्कुल नहीं लगा कि वह तनाव में हो सकती है।

तीन दिन बाद फ्लैट में मिला मैनेजर का शव

पलवल की रहने वाली 27 वर्षीय शीतल अकार्ड अस्पताल में मैनेजर के पर पर थीं। वे यहां समरपाम सोसायटी में फ्लैट में रहती थीं। उनके भाई नरेंद्र ने बताया कि उनकी बहन यूपीएससी की तैयारी कर रही थी। एक दिसंबर को उनके पिता शीतल से मिलकर गए थे। शीतल ने बृहस्पतिवार को पिता का जन्मदिन भी मनाया था। जिसके बाद उनके पिता दो दिसंबर को पलवल चले गए थे। इसके बाद से उनकी बेटी से बात नहीं हुई थी।

वह दो दिन से अस्पताल नहीं पहुंची तो अस्पताल प्रबंधन ने इसकी सूचना परिवार को दी गई। इसके बाद स्वजन सेक्टर-86 स्थित समर पाम सोसायटी में तीसरी मंजिल पर बने फ्लैट पर पहुंचे। फ्लैट अंदर से बंद होने की वजह से जब उन्होंने पुलिस को काल करके मौके पर बुलवाया तो पुलिस ने फ्लैट का गेट तोड़ा। अंदर जाने पर शीतल फंदे से लटकी मिली। स्वजन ने इस पूरी घटना को संदिग्ध बताया है। पुलिस से मामले की जांच के लिए शिकायत दी है। पुलिस का अनुमान है कि आत्महत्या दो तीन दिन पहले की गई।

अकार्ड अस्पताल के चेयरमैन डॉ. युवराज ने बताया कि दो महिला कर्मचारियों की इस तरह आत्महत्या किया जाना बड़ा दुख का विषय है। हम पुलिस की जांच में हर संभव सहयोग करेंगे। अस्पताल की तरफ से किसी तरह का तनाव नहीं था।

Edited By: Geetarjun

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