जागरण संवाददाता, चरखी दादरी : संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर चल रहे कितलाना टोल धरने पर छह दिसंबर को डा. भीमराव आंबेडकर का 65वां परिनिर्वाण दिवस संविधान बचाओ दिवस के रूप में मनाया जाएगा। यह बात कितलाना टोल पर धरने को संबोधित करते हुए रविवार को दादरी से निर्दलीय विधायक व खाप सांगवान चालीस के प्रधान सोमबीर सांगवान ने कही। उन्होंने कहा कि संत रविदास, कबीर, रहीम, राजा राममोहन राय, ज्योतिबा फूले, सावित्रि बाई फूले व पेरियार नारायण स्वामी जैसे समाज सुधारकों ने समाज में व्याप्त कुरीतियों, रूढि़यों के खिलाफ लंबा संघर्ष किया था। इसी तरह से जातिवाद, अंधविश्वास के खिलाफ संघर्ष करते हुए डा. आंबेडकर ने हमारा संविधान तैयार करके हर भारतीय को लिग, जाति व धर्म के आधार पर भेदभाव किए बिना समानता का अधिकार दिलाया था। उन्होंने कहा कि आज उसी संविधान को मनुवादी ताकतों से खतरा पैदा हो गया है। इसलिए सभी को मिलकर इस चुनौती का मुकाबला करना होगा। उन्होंने कहा कि अब किसान आंदोलन जीत की तरफ बढ़ रहा है और शीघ्र सरकार संयुक्त किसान मोर्चा की पांच सदस्यीय कमेटी से बातचीत करके बाकी मांगों पर भी समाधान निकालना होगा। इस मौके पर सूरजभान झोझू, सुरेन्द्र कुब्जानगर, रणधीर घिकाड़ा, सत्यवान कालूवाला, दिलबाग ढुल, प्रतापसिंह सिंहमार, कप्तान रामफल डोहकी, नंदलाल अटेला, नरेंद्र धनाना, सरदार सिंह डोहकी, सूबेदार सतबीर सिंह, सुलतान खान, रामानंद धानक, ओम प्रजापति, राजेंद्र जांगड़ा इत्यादि शामिल रहे।

344वें दिन भी जारी रहा धरना

कितलाना टोल पर चल रहे धरने के 344वें दिन खाप सांगवान चालीस से नरसिंह सांगवान डीपीई, खाप फौगाट उन्नीस से राजपाल फोगाट, सर्व जातीय खाप श्योराण पच्चीस से बिजेंद्र बेरला, किसान सभा से ओमप्रकाश दलाल, चौगामा खाप से राजबीर बोहरा, युवा कल्याण संगठन से राजू गोरीपुर, रिटायर्ड कर्मचारी संघ से कमल सांगवान, महिला किसान मोर्चा से कृष्णा डोहकी व फूला देवी कितलाना ने संयुक्त रूप से अध्यक्षता की।

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