जागरण संवाददाता, अंबाला शहर : कोरोना संक्रमण का ग्राफ बढ़ता जा रहा है। इसलिए स्वास्थ्य विभाग ने नमूने लेने की क्षमता दो गुना कर दिया है। अब दो हजार से 2200 नमूने लैब में जांच को पहुंच रहे हैं, जबकि जनवरी और फरवरी में एक हजार लोगों के नमूने लिए जा रहे थे। लैब में कैथल और कुरुक्षेत्र के नमूने भी जांच के लिए पहुंच रहे हैं। इस वजह से लैब में नमूनों की जांच की पेंडिग हो जाती है। लैब से 48 घंटे बाद ही जांच की रिपोर्ट मिलती है।

मालूम हो कि अंबाला में अभी तक 344244 नमूने लिए जा चुके हैं। इसमें 297297 आरटीपीसीआर और 46947 रेपिड एंटीजन किट से जांच की है। अप्रैल और मई में कोरोना संक्रमण का ग्राफ निरंतर बढ़ रहा है। अंबाला में हर रोज 400 से अधिक कोरोना पॉजिटिव मिल रहे हैं। इसलिए स्वास्थ्य विभाग ने फ्लू ओपीडी, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और मोबाइल हेल्थ एंबुलेंस से कोरोना संक्रमण की जांच के लिए नमूने लेने की क्षमता को बढ़ा दिया है। मैक्रो कंटेनमेंट जोन में फ्लू के लक्षण वाले लोगों के नमूने लेने का काम किया जा रहा है।

दिसंबर, जनवरी और फरवरी में 1000 से 1200 लोगों के नमूने लिए जा रहे थे। अब लैब में 2200 से 2300 नमूने लैब में जांच के लिए पहुंच रहे हैं। वहीं कुरुक्षेत्र और कैथल से करीब एक हजार नमूने जांच के लिए लैब में पहुंच रहे हैं, जबकि लैब में 25000 नमूने जांच करने की क्षमता हैं। इस वजह से लैब में कोरोना संक्रमण की जांच के लिए नमूने पेंडिग में रहते हैं। इस वजह से मरीजों को जांच की रिपोर्ट 48 घंटे बाद ही मिल रही है। इस संबंध में जिला महामारी नियंत्रक अधिकारी डा. सुनील हरि ने बताया कि लैब में क्षमता से ज्यादा नमूने पहुंच रहे हैं। यहां पर कैथल और कुरुक्षेत्र के नमूने जांच के लिए आते हैं। स्वास्थ्य विभाग में लोग कोविड रिपोर्ट में चक्कर लगाते हैं। इसलिए 48 घंटे बाद एप पर एसआरएफ आइडी डालने के बाद रिपोर्ट मिल जाएगी।