नई दिल्ली, ऑनलाइन डेस्क। आगामी गुजरात विधानसभा चुनाव से पहले सभी मुख्य राजनीतिक पार्टियों जोर-शोर से चुनाव प्रचार कर रही हैं। टीम इंडिया के क्रिकेटर रवींद्र जडेजा की पत्नी रीवाबा भी बीजेपी की ओर से जामनगर-78 विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रही हैं। रीवाबा अपने विधानसभा क्षेत्र में जोर-शोर से प्रचार कर रही है। हाल में उनके चुनाव प्रचार में बड़ी संख्या में बच्चे नजर आए।

इस मामले को लेकर उनकी ननद नयनबा जडेजा ने रीवाबा पर चुनाव आयोग द्वारा बनाए गए नियमों के उल्लंघन करने का आरोप लगाया है। मंगलवार को नयनाबा जडेजा ने पत्रकारों से बातचीत में रीवाबा जडेजा पर चौंकाने वाले आरोप लगाए। उन्होंने अपने फायदे के लिए छोटे बच्चों के इस्तेमाल की भी बात कही। इसके बाद पूरा मामला चुनाव आयोग के पास पहुंच गया है। अब रीवाबा ने अपने ननद और कांग्रेस नेता नयनाबा जडेजा के लगाए आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है।

न्यानबा की बात पूरी तरह निराधार है: रीवाबा

नयनाबा द्वारा लगाए गए आरोपों का जवाब देते हुए रीवाबा जडेजा ने कहा, 'सबसे पहले, ननद के रूप में वह इस तरह का आरोप नहीं लगा सकती हैं, लेकिन एक पार्टी नेता के रूप में, उन्होंने जो कुछ भी पेश किया है वह निराधार है। भारत का संविधान कहता है कि कानूनी तौर पर अगर मेरा फॉर्म चुनाव आयोग द्वारा स्वीकार किया जाता है, तो मैं पात्र हूं। रीवाबा ने आगे कहा, 'जहां तक ​​नाम बदलने का सवाल है, मेरे व्यक्तिगत कारण हो सकते हैं, लेकिन यह कोई बहस का मुद्दा नहीं है। कांग्रेस ने पिछले 36 साल से शासन नहीं किया है। इसलिए उन्हें हर मुद्दे पर हाइप क्रिएट कर विरोध करने की आदत हो गई है।'

जामनगर के लोग हैं मेरा परिवार:रवीबा

इसके साथ ही रीवाबा ने कहा, 'मैं जामनगर की बहू हूं। मैं शादी के बाद जामनगर में रहती हूं। जो लोग नहीं जानते वे पहले सत्य की जांच-पड़ताल करें और फिर बोलें। मैं पिछले ढाई साल से जामनगर और उसके आसपास के गांवों में लोगों की सेवा में काम कर रहा हूं।' रवीबा ने आगे कहा, 'जामनगर के सभी लोग मेरा परिवार हैं। मैं एक क्रिकेटर की पृष्ठभूमि से आती हूं और लाखों क्रिकेट प्रशंसक मेरे पति का समर्थन कर सकते हैं।'

नयनाबा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान रीवाबा जडेजा पर आरोप लगाते हुए कहा था कि रीवाबा के प्रचार में छोटे-छोटे बच्‍चों को लाया गया, जो 10 साल से कम उम्र के दिखते हैं। क्या उन्हें इस बात का एहसास नहीं है कि बाल श्रम के लिए कानून बनाया गया है। इस प्रकार इसे बाल श्रम कहा जा सकता है। सेलिब्रिटी स्टेटस का व्यक्ति अपनी रैली में छोटी-छोटी गलतियों का इस्तेमाल कर लोगों की भावनाओं और वोटों को हासिल करना चाहता है। हमने चुनाव प्रचार के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। अब चुनाव आयोग क्या कार्रवाई करेगा? यही हमारा सवाल है।

यह भी पढ़ेंGujarat Assembly Election 2022: प्रचार में रवींद्र जडेजा की पत्‍नी और बहन आमने- सामने, आयोग तक पहुंचा मामला

Edited By: Piyush Kumar

जागरण फॉलो करें और रहे हर खबर से अपडेट