अहमदाबाद, जागरण संवाददाता। गुजरात के पूर्व गृह राज्‍यमंत्री गोरधन झडफिया की हत्‍या के इरादे से अहमदाबाद पहुंचे छोटा शकील के दो शॉर्पशूटर में से एक को गुजरात एटीएस व क्राइम ब्रांच बीती रात एक होटल से धर दबोचा। हत्‍या के लिए पाकिस्‍तान से छोटा शकील को सुपारी दी गई थी। आरोपित के मोबाइल में प्रदेश भाजपा कार्यालय का वीडियो व झडफिया का फोटो मिला है। गृह राज्‍यमंत्री प्रदीप सिंह जाडेजा ने बताया कि आतंकवाद निरोधक दस्‍ता व क्राइम ब्रांच की टीम मंगलवार मध्‍य रात्रि अहमदाबाद रिलीफ रोड स्थित वीनस होटल पहुंची, जहां छोटा शकील गैंगे के दो शॉर्पशूटर कमरा नंबर 105 में छिपे थे। पुलिस ने कमरे का दरवाजा खटखटाया तो उनकी ओर से फायरिंग हुई, बचाव में पुलिस को भी गोली चलानी पड़ी।

मुठभेड़ के बाद एक शॉर्पशूटर इरफान इस्‍माइल शेख को धर दबोचा, जबकि दूसरा सलमान भागने में कामयाब रहा। जाडेजा ने बताया कि कुख्‍यात अपराधी दाउद इब्राहिम के करीबी कुख्‍यात अपराधी छोटा शकील की गैंग के ये शॉर्पशूटर मुंबई से आए थे। पाकिस्‍तान की ओर से छोटा शकील को गुजरात भाजपा नेताओं की सुपारी दी गई थी। पूछताछ में इरफान ने बताया कि उन्‍हें ढाई-ढाई लाख रुपये की सुपारी दी गई। उसके मोबाइल में गुजरात प्रदेश भाजपा मुख्‍यालय श्रीकमलम का वीडियो तथा राज्‍य के पूर्व गृह राज्यमंत्री गोरधन झडफिया का फोटो मिला है। झडफिया इनके मुख्‍य निशाने पर थे। पुलिस ने इनके पास से एक ऑटोमैटिक पिस्‍टल बरामद की है। झडफिया हाल गुजरात भाजपा के नवनियुक्‍त अध्‍यक्ष सीआर पाटिल के सोमनाथ दौरे में उनके साथ हैं। उनका कहना है कि नवसारी, वलसाड में उन्‍हें रेकी की जाने की शंका भी हुई थी।

उल्लेखनीय है कि फरवरी 2002 में गुजरात के गोधरा में 58 कारसेवकों को साबरमती एक्‍सप्रेस के कोच में जिंदा जलाने की घटना के बाद फैले दंगों के दौरान गोरधन झडफिया ही गुजरात के गृह राज्‍यमंत्री थे। झडफिया पहले से आतंकियों व कट्टरपंथियों के निशाने पर थे। गुजरात सरकार ने इस घटना के बाद उनकी सुरक्षा बढ़ा दी है।

 

Edited By: Babita kashyap