अहमदाबाद, जागरण संवाददाता। Gujarat Rain: गुजरात पर इस बार मानसून की खूब बारिश हुई। कई जिलों में किसानों की फसलें जलमग्‍न होकर चौपट हो गई हैं, वहीं नदियां व तालाब लबालब होकर उफन रहे हैं। अहमदाबाद सहित कई शहरों में बीते तीन चार दिन से रह रह कर लगातार बारिश हो रही है। राज्‍य में मानसून की 120 फीसद बारिश हो चुकी है। नेता विपक्ष परेश धनाणी का कहना है कि राज्‍य में भारी बारिश से किसानों को 25000 करोड़ का नुकसान हुआ है, सरकार एक पैमाना तय कर जल्‍द मुआवजा दे। गुजरात के कच्‍छ में अब तब मानसून की 252 प्रतिशत से अधिक बारिश हुई है, सौराष्‍ट्र, दक्षिण गुजरात, उत्‍तर गुजरात व मध्‍य गुजरात में भी मानसून लगातार सक्रिय है।

मध्‍य प्रदेश में जोरदार बारिश के कारण सरदार सरोवर नर्मदा बांध में 12 से 15 लाख क्‍यूसेक पानी की आवक हो रही है। बांध में करीब 80 फीसद (267010 मिलियन क्‍यूबिक फीट) पानी जमा है। बांध के दो दर्जन से अधिक दरवाजे खोल दिए गए हैं, ताकि अतिरिक्‍त पानी को नर्मदा नदी में छोड़ा जा सके। बांध का जलस्‍तर 132 मीटर को पार कर गया है। रिवर बेड व कैनाल हेड पावर प्‍लांट से बिजली का उत्‍पादन किया जा रहा है। मुख्‍य सचिव अनिल मुकीम ने इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर पर सोमवार सुबह सभी विभागों के आला अधिकारियों की बैठक कर हालात का जायजा लिया। राहत व बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ की 13 तथा एसडीआरएफ की दो टीम तैनात की हुई है तथा 11 टीमों को मदद के लिए तैयार रखा गया है।

राज्‍य के 154 जलाशय हाई अलर्ट पर हैं, वहीं 24 जलाशय के लिए अलर्ट जारी किया गया है। प्रदेश की 62 नदियां 78 तालाब पानी से लबालब होकर उफान पर हैं। राज्‍य में इस बार करीब 98 प्रतिशत बुवाई हो चुकी है, लेकिन लगातार बारिश से फसलें गल गई है। सौराष्‍ट्र, दक्षिण गुजरात व उत्‍तर गुजरात के कई जिलों में किसान संघ किसानों को फसल नष्‍ट हो जाने पर मुआवजा देने की मांग कर रहे हैं। राज्‍य की 94 तहसीलों में मौसम में 1000 मिमी से अधिक बारिश हो चुकी है, 133 तहसीलों में 501 से 1000 मिमी तथा 24 तहसीलों में 251 से 500 मिमी बारिश हुई है। कच्‍छ जोन में 251.66 प्रतिशत, सौराष्‍ट्र में 162.64 फीसद, दक्षिण गुजरात में 102.45 प्रतिशत, उत्‍तर गुजरात में 101.72 जबकि मध्‍य गुजरात में 87.56 फीसद बारिश दर्ज की गई है।

नेता विपक्ष धनाणी का आरोप है कि सरकार के बनाए हुए तरीके से कांग्रेस ने राज्‍य के सभी जोन के 251 ब्‍लॉक में हुई बारिश की एक रिपोर्ट तैयार की है। उसके हिसाब से पूरे राज्‍य में किसानों की खरीफ की पूरी फसलें बर्बाद हो चुकी है, जिससे 25 हजार करोड़ रुपये का नुकसान हो चुका है। सरकार ने पूर्व में ही मुख्‍यमंत्री किसान सहायता योजना की जो घोषणा की थी, उसके हिसाब से किसानों की फसल खराब होने की रिपोर्ट तैयार करने में ही किसानों की कमर टूट जाएगी। कलक्‍टर से लेकर पटवारी तक रिपोर्ट तैयार करके सौंपेंगे फिर सरकार उसको स्‍वीक्रति या नहीं उस पर निर्भर करता है। कांग्रेस ने सभी जिलों के बारिश के एक पैटर्न के हिसाब से औसत निकालकर किसानों को फसल का मुआवजा देने की मांग कर रही है। 

Edited By: Sachin Kumar Mishra

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