राज्य ब्यूरो, कोलकाता। बंगाल के कार्यवाहक राज्यपाल ला गणेशन डूरंड कप के पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान फोटो खिंचवाने के लिए विजेता टीम के कप्तान सुनील छेत्री को हाथ से किनारे करने को लेकर विवादों में आ गए हैं। इसका वीडियो इंटरनेट मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें ला गणेशन मंच पर विजेता ट्राफी थामे छेत्री को हाथ से किनारे करते दिख रहे रहे हैं।

राज्यपाल रविवार को कोलकाता के विवेकानंद युवाभारती क्रीड़ांगन में हुए डूरंड कप के खिताबी मुकाबले के बाद पुरस्कार वितरण समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर उपस्थित हुए थे। छेत्री की कप्तानी में बेंगलुरु एफसी ने मुंबई सिटी एफसी को 2-1 गोल से हराकर पहली बार डूरंड कप पर कब्जा जमाया था। मुकाबले के बाद छेत्री को विजेता ट्राफी लेने के लिए मंच पर बुलाया गया था। राज्यपाल उस वक्त मंच पर ही खड़े थे। वहां ज्यादा जगह नहीं थी। छेत्री के ट्राफी लेते वक्त जब फोटोग्राफर तस्वीरें खींच रहे थे, उस समय राज्यपाल छेत्री के पीछे छिप गए थे। ऐसे में उन्होंने छेत्री को हाथ से किनारे किया ताकि वे फोटोग्राफरों के कैमरे की लेंस में आ सके।

पूर्व क्रिकेटर आकाश चोपड़ा ने इसे अपमानजनक करार दिया है। गौरतलब है कि छेत्री वर्तमान में भारतीय फुटबाल टीम के भी कप्तान हैं और उनकी गिनती दुनिया के बेहतरीन फुटबालरों में होती है। फुटबाल प्रेमी भी इसपर कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर कर रहे हैं। एक ने लिखा-'ऐसा लग रहा है कि राज्यपाल साहब ने ही मैच जीता है। उन्हीं को ट्राफी दी जा रही है। दूसरे ने लिखा-'खिलाड़ी का सम्मान करना जरुरी है। कुछ ने कहा कि राज्यपाल को अपनी हरकत के लिए सुनील छेत्री से माफी मांगनी चाहिए।

सिर्फ छेत्री ही नहीं, बेंगलुरु की जीत के नायक रहे शिवा शक्ति के साथ भी ऐसा ही हुआ। शिवा शक्ति जब शानदार प्रदर्शन के लिए ट्राफी लेने मंच पर गए तो बंगाल के खेल मंत्री अरूप विश्वास ने भी उन्हें फोटो खिंचवाने के लिए हाथ से किनारे कर दिया।

Edited By: Sanjay Savern