गुना। पंद्रह साल बाद सत्ता में लौटी कांग्रेस के पहले मंत्रिमंडल का गठन मंगलवार को हुआ। खास बात यह कि गुना जिले को दो मंत्री मिले हैं। जिले पर पकड़ रखने वाले कांग्रेस के दो दिग्गज नेता अपने-अपने समर्थकों को मंत्रिमंडल में जगह दिलाने में कामयाब रहे हैं।

एक 'किले" के बाबा साहब यानी जयवर्द्धन सिंह हैं, तो दूसरी तरफ 'महल" से जुड़े महेंद्रसिंह सिसोदिया। इस तरह पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह और पूर्व केंद्रीय मंत्री व सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया खेमा जिले को मंत्री देने के मामले में फिफ्टी-फिफ्टी हो गया है।

गौरतलब है कि जिले में चार विधानसभा सीट हैं, जहां गुना और बमोरी सीट पर सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया की पसंद चलती है तो राघौगढ़ और चांचौड़ा सीट पर पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह फैसला लेते आए हैं। इस तरह जिले में 'किले" यानी दिग्विजय सिंह और 'महल" यानी ज्योतिरादित्य सिंधिया सीटों पर बराबरी की राजनीति करते रहे हैं। यह बात भी कि सी से छिपी नहीं है कि 'कि ले" और 'महल" के बीच अंदरुनी खींचतान की स्थिति रही है, लेकिन यह अलग बात है कि सार्वजनिक रूप से दोनों ही दिग्गज एक साथ खड़े नजर आते हैं।

 

Posted By: Hemant Upadhyay