यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 09, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
MP Election 2023: सुधांशु त्रिवेदी बोले- मुस्लिमों के नहीं, कट्टरवादी मानसिकता के खिलाफ है BJP
भाजपा प्रवक्ता व राज्यसभा सदस्य सुधांशु त्रिवेदी मध्य प्रदेश के निमाड़ अंचल के दौरे पर रहे। बुरहानपुर में पार्टी के ...और पढ़ें

जेएनएन,इंदौर। भाजपा प्रवक्ता व राज्यसभा सदस्य सुधांशु त्रिवेदी मध्य प्रदेश के निमाड़ अंचल के दौरे पर रहे। बुरहानपुर में पार्टी के प्रबुद्धजन सम्मेलन में उन्होंने कहा कि कुछ लोग कहते हैं कि हम मुस्लिमों के खिलाफ बोलते हैं। मैं कहना चाहूंगा कि भाजपा मुस्लिमों के नहीं,कट्टरवादी मानसिकता के खिलाफ है।
राष्ट्र भक्त मुस्लिमों का भाजपा हमेशा सम्मान करती है। यदि ऐसा नहीं होता तो डॅा. एपीजे अब्दुल कलाम को राष्ट्रपति नहीं बनाती। उन्होंने कांग्रेस का नाम लिए बिना कहा कि इस तरह के आरोप लगाने वाले अफजल गुरु, छोटा शकील जैसे लोगों को पसंद करते हैं।
खरगोन में उन्होंने कहा कि 19वीं सदी अंग्रेजों की, 20वीं सदी कांग्रेस की थी और 21वीं भाजपा की है। बशर्तें आप मतदान के लिए अपनी अंगुली का सही इस्तेमाल करें। हम विश्व गुरु बनने की ओर अग्रसर हैं। सुधांशु ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले शांति के कबूतर उड़ाए जाते थे।

चीन से पहले हमारे पास लड़ाकू विमान थे, लेकिन 1962 के युद्ध में कांग्रेस ने इसका उपयोग नहीं किया। अंग्रेज आजादी के एक-दो साल तक भारत में रहे। ऐसा क्यों हुआ कि दो साल तक भारत का सेनापति अंग्रेज रहा। इन सवालों के जवाब नहीं दिए जाते हैं।
सुधांशु त्रिवेदी ने आइएनडीआइए पर भी तंज कसते हए कहा कि कुछ लोगों के काम बुरे होते हैं तो वह नाम बदल लेते हैं। वर्ष 2004 में यूपीए बना था। अब नाम आइएनडीआइए कर दिया है। उन्होंने कहा कि उनके गठबंधन के लोगों को ही इसका पूरा नाम नहीं पता है।
सुधांशु त्रिवेदी बोले-19वीं सदी अंग्रेजों की, 20वीं कांग्रेस की और अब 21वीं सदी भाजपा की होगी
भाजपा प्रवक्ता व राज्यसभा सदस्य सुधांशु त्रिवेदी मध्य प्रदेश के निमाड़ अंचल के दौरे पर रहे। बुरहानपुर में पार्टी के प्रबुद्धजन सम्मेलन में उन्होंने कहा कि कुछ लोग कहते हैं कि हम मुस्लिमों के खिलाफ बोलते हैं। मैं कहना चाहूंगा कि भाजपा मुस्लिमों के नहीं, कट्टरवादी मानसिकता के खिलाफ है।
राष्ट्र भक्त मुस्लिमों का भाजपा हमेशा सम्मान करती है। यदि ऐसा नहीं होता तो डा. एपीजे अब्दुल कलाम को राष्ट्रपति नहीं बनाती। उन्होंने कांग्रेस का नाम लिए बिना कहा कि इस तरह के आरोप लगाने वाले अफजल गुरु, छोटा शकील जैसे लोगों को पसंद करते हैं। खरगोन में उन्होंने कहा कि 19वीं सदी अंग्रेजों की, 20वीं सदी कांग्रेस की थी और 21वीं भाजपा की है।
बशर्तें आप मतदान के लिए अपनी अंगुली का सही इस्तेमाल करें। हम विश्व गुरु बनने की ओर अग्रसर हैं। सुधांशु ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले शांति के कबूतर उड़ाए जाते थे। चीन से पहले हमारे पास लड़ाकू विमान थे, लेकिन 1962 के युद्ध में कांग्रेस ने इसका उपयोग नहीं किया। अंग्रेज आजादी के एक-दो साल तक भारत में रहे।
ऐसा क्यों हुआ कि दो साल तक भारत का सेनापति अंग्रेज रहा। इन सवालों के जवाब नहीं दिए जाते हैं। सुधांशु त्रिवेदी ने आइएनडीआइए पर भी तंज कसते हए कहा कि कुछ लोगों के काम बुरे होते हैं तो वह नाम बदल लेते हैं। वर्ष 2004 में यूपीए बना था। अब नाम आइएनडीआइए कर दिया है। उन्होंने कहा कि उनके गठबंधन के लोगों को ही इसका पूरा नाम नहीं पता है।
