बोकारो, जेएनएन। मतदाताओं के उत्साह के सामने गिरिडीह लोकसभा क्षेत्र में नक्सली खौफ को हार का सामना करना पड़ा है। नक्सल प्रभावित गिरिडीह में रविवार को लोकतंत्र का जश्न-ए-बहारा रहा। 66.09 फीसद मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। यह लोकसभा चुनाव- 20114 में पड़े 64.25 फीसद वोट से करीब 1.84 फीसद ज्यादा है।

लोकसभा चुनाव- 2019 के छठवें चरण में रविवार को झारखंड की गिरिडीह लोकसभा क्षेत्र में मतदान हुआ। मतदान का समय सुबह सात से शाम चार बजे तक निर्धारित था। मतदान शुरू होने से पहले ही मतदाताओं की कतारें लग गईं। मतदान का समय समाप्त होने के बाद भी कई मतदान केंद्रों पर मतादातओं की कतार लगी हुई थी। गिरिडीह के 16.49 लाख मतदाताओं ने चुनाव मैदान में खड़े 15 प्रत्याशियों में से एक को अपना सांसद चुनने के लिए मतदान किया। मतदान के दाैरान मतदाताओं का रूझान आजसू के चंद्रप्रकाश चौधरी और झामुमो के जगरनाथ महतो के बीच बंटा हुआ दिखा।

चप्पे-चप्पे पर तैनात थे सुरक्षा बलः गिरिडीह के सभी 2161 मतदान केंद्रों पर सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था की गई थी ताकि मतदाता निर्भिक होकर मताधिकार का प्रयोग कर सकें। नक्सल प्रभावित मतदान केंद्रों पर अर्द्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है। घनघोर नक्सल प्रभावित पीरटांड में भी मदतान केंद्र पर मतदाताओं की लंबी-लबीं कतारें लगी थी। प्रशासन की तमाम आशंकाओं को निराधार करते हुए जनता ने लोकतंत्र की जीत के लिए जमकर वोटिंग किया। खास बात यह रही कि किसी भी क्षेत्र में कोई अप्रिय घटना नहीं हुई और न ही लोगों ने चुनाव में मतदान करने में कोई लापरवाही बरती। खास बात यह रहा कि उग्रवाद प्रभावित डुमरी में सबसे अधिक 71 प्रतिशत मतदान हुआ तो टुंडी में लगभग 70 तथा गोमिया में 67 प्रतिशत रिकार्ड मत पड़ा। बोकारो के उपायुक्त सह गिरिडीह के निर्वाचन पदाधिकारी कृपानंद झा ने मतदान के लिए सभी मतदाताओं के प्रति अभार प्रकट किया।

गिरिडीह लोकसभा क्षेत्र में विधानसभावार मतदान का आंकड़ा
विधानसभा- प्रतिशत
गिरिडीह 65.76
डुमरी 71.21
गोमिया 67.26
बेरमा 63.32
टुंडी 69.96
बाघमारा 59.08
कुल : 66.09 प्रतिशत




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Posted By: mritunjay