शिमला, जेएनएन। लोकसभा चुनाव के लिए सभी राज्यों में एक साथ 23 मई को मतगणना होगी। वीरवार सुबह आठ बजे मतगणना शुरू होने से पूर्व तड़के पांच बजे से ईवीएम की रेंडमाइजेशन शुरू होगी। उसके बाद आठ बजे पोस्टल बैलेट को क्यूआर स्कैन करने के बाद उनके बंडल लगाकर मतों की गणना की जाएगी। इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के तहत प्रदेश की हर विधानसभा क्षेत्र के तहत पांच मतदान केंद्रों की ईवीएम का वीवीपैट की पर्चियों का मिलान किया जाएगा। सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश के तहत हर विधानसभा क्षेत्र से पांच ईवीएम का वीवीपैट से मिलान किया जाएगा।

प्रदेश में 68 विधानसभा क्षेत्र हैं तो 340 मतदान केंद्रों की ईवीएम इसके लिए चुनी जाएंगी। पहले केवल एक ईवीएम और वीवीपैट की पर्चियों का मिलान कर उनकी गणना की जाती थी। ईवीएम का बटन दबते ही जिस उम्मीदवार को मतदान किया है उसका ब्योरा वीवीपैट पर छह सेकेंड तक नजर आता है। उसके बाद पर्ची वीवीपैट में गिर जाती है। वीवीपैट का इस्तेमाल पिछले विधानसभा चुनाव के दौरान किया गया।

पोस्टल बैलेट के लिए लगेंगे 156 टेबल प्रदेश में कुल 68028 पोस्टल बैलट में से जिन्होंने मतदान किया है उनकी गणना के लिए चारों संसदीय क्षेत्रों में कुल 156 टेबल लगाए जाएंगे। पोस्टल बैलेट और ईवीएम के मतों की गणना साथ चलेगी। पोस्टल बैलेट के लिए सबसे अधिक टेबल कांगड़ा संसदीय क्षेत्र के लिए 53, हमीरपुर 48, मंडी 30 और शिमला के लिए 25 टेबल लगाए जाएंगे। हर पोस्टल बैलेट को क्यूआर स्कैन करने और गिनने में करीब एक मिनट का समय लगेगा। संभावना है कि साढ़े छह घंटे का समय पोस्टल बैलेट गिनने में लगेगा। हालांकि समय बैलेट पेपरों की संख्या के आधार पर लगेगा।

लोकसभा चुनाव की मतगणना 23 मई को सुबह आठ बजे से होगी। हालांकि ईवीएम की रेंडमाइजेशन का कार्य तड़के पांच बजे शुरू कर दिया जाएगा। -देवेश कुमार, मुख्य निर्वाचन अधिकारी, हिमाचल।

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Posted By: Rajesh Sharma