खास बातें

  • कुछ ग्रामीण कर रहे थे लाइन तोड़ने की कोशिश, रोकने पर पुलिस से भिड़े
  • देर तक चली हिंसक झड़प, थाना प्रभारी का सिर फटा, बीडीओ के वाहन पर भी हमला
  • कई ग्रामीण और पुलिसकर्मी घायल, पत्रकार की भी पिटाई
  • चुनाव आयोग ने दिया जांच का आदेश, बूथ नंबर 36 पर दोबारा होगा मतदान

गुमला, जासं। गुमला जिले के सिसई क्षेत्र के बघनी में शनिवार को मतदान के दौरान ग्र्रामीणों और पुलिसकर्मियों में हिंसक झड़प हो गई। इसमें पुलिस की फायरिंग से जहां एक ग्रामीण की मौत हो गई वहीं ग्रामीणों के हमले में कई थाना प्रभारी समेत कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। चुनाव आयोग ने घटना की जांच का आदेश दिया है। वहीं उक्त बूथ का मतदान भी रद कर वहां दोबारा मतदान का आदेश दिया गया है। बताया गया कि सिसई क्षेत्र के उत्क्रमित उर्दू मवि बघनी के बूथ नंबर 36 पर लाइन तोड़कर वोट देने की जिद कर रहे कुछ लोगों के सुरक्षाकर्मियों के साथ शुरू हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया।

ग्रामीणों और सुरक्षाकर्मियों के बीच की नोकझोंक देखते ही देखते हाथापाई, मारपीट और पत्थरबाजी में तब्दील हो गई। पत्थरबाजी इतनी जबरदस्त थी कि मतदानकर्मियों को अपनी जान बचाने के लिए कमरे में बंद होना पड़ा। इसके बाद उग्र लोग लाठी-डंडे व रॉड लेकर जवानों पर टूट पड़े। खुद को घिरा पाकर पुलिस के जवानों ने गोली चलाई, जिसमें मो. जिलानी अंसारी नामक ग्रामीण की मौत हो गई, जबकि असफाक अंसारी और मो.तबरेज घायल हो गए। गांव की दो महिलाओं सालेहा खातून और सावरा खातून के घायल होने की भी बात कही जा रही है। वहीं ग्रामीणों के हमले में थाना प्रभारी विष्णुदेव चौधरी, बीडीओ के चालक सीताराम सिंह और पुलिस के अन्य जवान घायल हो गए। आरपीएफ के जवान अखिलेश यादव, राहुल और अंजनप्पा भी जख्मी हुए हैं।

उधर पुलिस फायरिंग में ग्रामीण की मौत होने के बाद पूरा गांव आक्रोशित हो गया और बड़ी संख्या में ग्र्रामीण लाठी-डंडे व रॉड लेकर पुलिस पर टूट पड़े। कुछ लोग पुलिस पर पत्थरबाजी भी कर रहे थे। हालात बेकाबू होता देख पुलिस के जवान जान बचाने के लिए मतदान केंद्र की छत पर चढ़ गए और वहीं से हवाई फायरिंग करते रहे। बाद में जिला मुख्यालय और आसपास के इलाकों से बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारी और जवान मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभाला। अभी स्थिति नियंत्रित होने के बाद भी इलाके में माहौल तनाव पूर्ण है। सुरक्षा के मद्देनजर बघनी इलाके को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है।

मौके पर जा रहे बीडीओ और थाना प्रभारी के वाहन को घेर ग्रामीणों ने किया हमला

बघनी गांव में फायरिंग की सूचना मिलने के बाद सिसई के बीडीओ प्रवीण कुमार और थाना प्रभारी विष्णुदेव चौधरी स्थिति का जायजा लेने मौके पर जाने के लिए निकले। मतदान केंद्र के लगभग 50 मीटर पहले ही आक्रोशित ग्रामीणों ने दोनों अधिकारियों के वाहन को घेर कर हमला कर दिया। उग्र लोगों ने वाहनों के शीशे तोड़ डाले। साथ ही थाना प्रभारी विष्णुदेव चौधरी के सिर पर लाठी-डंडा और रॉड से हमला कर दिया, जिससे उनका सिर फट गया। उसी दौरान सिसई बीडीओ के चालक सीताराम सिंह पर भी ग्रामीणों ने हमला किया। उसेभी सिर पर चोट लगी है। समाचार कवरेज के लिए मौके पर पहुंचे पत्रकार सीताराम साहू की भी लोगों ने पिटाई कर दी। हमले में बीडीओ प्रवीण कुमार बाल-बाल बच गए। पुलिस-प्रशासन ने बड़ी मुश्किल से हालात पर नियंत्रण पाया। पूरे इलाके को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है। घायलों का रांची में इलाज चल रहा है।

पश्चिमी सिंहभूम में नक्सलियों ने फैलाई दहशत

झारखंड विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के मतदान के बीच पश्चिमी सिंहभूम में नक्सलियों के उत्पात की भी घटनाएं हुईं। चाईबासा की बड़केला पंचायत के जोजोहातु में  नक्सलियों ने चुनाव कार्य में लगी बस को फूंक डाला है वहीं गोईलकेरा में मतदाताओं को लाने गई बस को बंधक बना लिया। इससे इन इलाकों में मतदान प्रभावित हुआ। बस के चालक और खलासी किसी तरह जान बचाकर भागे।

Posted By: Alok Shahi

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस