दिसपुर, एएनआइ। असम में सियासी पारा चढ़ता जा रहा है। विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए सभी पार्टियां प्रचार-प्रसार में जुटी हुई हैं। कांग्रेस और भाजपा की तरफ से एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला भी शुरू हो चुका है। आज कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आमने-सामने नजर आए। एक तरफ जहां पीएम मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कई आरोप लगाए वहीं कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा के तेवर भी देखने लायक रहे।

जोरहाट में एक रैली को संबोधित करते हुए प्रियंका ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना  साधा। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि क्या कभी प्रधानमंत्री मोदी ने चाय बागान का दौरा भी क्या है? कभी महिला कार्यकर्ताओं से मिलें है? इतना ही नहीं उन्होंने भाजपा द्वारा किए गए वादों को पूरा ना करने का भी आरोप लगाया। प्रियंका ने कहा कि क्या प्रधानमंत्री ने इन लोगों के दर्द को महसूस किया है कि उन्होंने चाय बागान श्रमिकों को दैनिक वेतन के रूप में प्रति दिन 350 रुपये देने के अपने वादे को पूरा नहीं किया!

वहीं प्रधानमंत्री भी आज बोकाखाट में रैली को संबोधित करते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जब केंद्र और असम में कांग्रेस सत्ता में थी, तब दोहरी लापरवाही और दोहरा भ्रष्टाचार था। पीएम ने कहा कि आपको याद रखना होगा कि कांग्रेस का मतलब है अस्थिरता, भ्रष्टाचार। उनके पास कुछ अच्छा करने के लिए कोई विजन या इरादा नहीं है। कांग्रेस मतलब झूठे घोषणापत्र की गारंटी। कांग्रेस मतलब कंफ्यूजन की गारंटी। कांग्रेस मतलब अस्थिरता की गारंटी। कांग्रेस मतलब, बम, बंदूक और ब्लॉकेड की गारंटी। कांग्रेस मतलब हिंसा और अलगाववाद की गारंटी। कांग्रेस मतलब भ्रष्टाचार औक घोटालों की गारंटी। 

Edited By: Pooja Singh